मुजफ्फरनगर। मिशन प्रेरणा फेस-2, निपुण भारत, बेसिक शिक्षा एवं समग्र शिक्षा के अंतर्गत संचालित योजनाओं की प्रगति की समीक्षा को लेकर मंगलवार को विकास भवन सभागार में जिला स्तरीय टास्क फोर्स (DTF) की बैठक आयोजित की गई। बैठक की अध्यक्षता उमेश मिश्रा ने की।
जिलाधिकारी ने स्पष्ट निर्देश दिए कि जनपद की प्राथमिकता अधिकतम बच्चों का विद्यालयों में नामांकन कराना और कम से कम 90 प्रतिशत उपस्थिति सुनिश्चित करना है। उन्होंने कहा कि प्रत्येक छात्र के पास जूते, मौजे, स्वेटर, यूनिफॉर्म तथा निःशुल्क पाठ्यपुस्तकें अनिवार्य रूप से उपलब्ध हों। शिक्षा व्यवस्था में किसी भी प्रकार की लापरवाही पाए जाने पर संबंधित अधिकारियों की जवाबदेही तय कर कार्रवाई की जाएगी।
ऑपरेशन कायाकल्प के अंतर्गत चल रहे निर्माण कार्यों की गुणवत्ता पर विशेष ध्यान देने के निर्देश देते हुए जिलाधिकारी ने कहा कि विद्यालयों को उपलब्ध कराए गए फर्नीचर मानक अनुरूप हों। यदि किसी विद्यालय में कायाकल्प के कार्य अधूरे हैं या मरम्मत की आवश्यकता है, तो संबंधित कार्यदायी संस्था द्वारा उन्हें तत्काल पूर्ण कराया जाए। शौचालयों की स्वच्छता, नियमित सफाई, शुद्ध पेयजल की उपलब्धता तथा सुरक्षित व स्वच्छ परिसर सुनिश्चित करने पर भी जोर दिया गया।
विद्यालयों के आसपास जलभराव, टूटी सड़कों या आवागमन में बाधा उत्पन्न करने वाली समस्याओं के समाधान की जिम्मेदारी ग्राम प्रधान व सचिव की होगी। इस संबंध में जिला पंचायत राज अधिकारी द्वारा पृथक से दिशा-निर्देश जारी किए जाएंगे।
मध्याह्न भोजन योजना की समीक्षा के दौरान जिलाधिकारी ने निरीक्षण अधिकारियों को भोजन की गुणवत्ता स्वयं चखकर, बच्चों के साथ बैठकर खाने तथा फोटोग्राफ साझा करने के निर्देश दिए।
बैठक में मुख्य विकास अधिकारी ने निर्माण कार्यों की समीक्षा करते हुए कहा कि भूमि विवाद या अन्य अवरोध की स्थिति में संबंधित उप जिलाधिकारी के माध्यम से आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराई जाए। उन्होंने खंड शिक्षा अधिकारियों को विद्यालयों की स्वच्छता पर विशेष ध्यान देने और स्मार्ट क्लास संचालन हेतु इंटरनेट सुविधा सुनिश्चित कराने के निर्देश दिए। बीएसएनएल कनेक्शन वाले विद्यालयों का सत्यापन भी कराने को कहा गया।
बैठक में जिला अनुश्रवण समिति, डीटीएफ के सदस्यगण एवं जिला समन्वयक उपस्थित


