मुज़फ्फरनगर में मंगलवार को शिक्षा नीति से जुड़े मुद्दे पर बड़ा विरोध प्रदर्शन देखने को मिला। सवर्ण समाज संघर्ष समिति के बैनर तले आयोजित इस प्रदर्शन में जिले के विभिन्न इलाकों—खतौली, जानसठ, पुरकाजी और भोपा रोड क्षेत्र—से लोग शामिल हुए।
सुबह करीब 11 बजे शिव चौक पर लोगों की भीड़ जुटनी शुरू हुई। इसके बाद जुलूस शहर के प्रमुख मार्गों—मीनाक्षी चौक, कोर्ट रोड और महावीर चौक—से होता हुआ कलेक्ट्रेट पहुंचा। प्रदर्शनकारियों के हाथों में बैनर थे, जिन पर “शिक्षा में पारदर्शिता जरूरी” और “UGC प्रावधानों पर पुनर्विचार करो” जैसे संदेश लिखे थे।
सभा को संबोधित करते हुए समिति के जिलाध्यक्ष राजीव त्यागी, वरिष्ठ सदस्य अनिल चौधरी और युवा संयोजक अंशुल गर्ग ने कहा कि शिक्षा से जुड़े किसी भी निर्णय में सभी वर्गों की राय ली जानी चाहिए। उनका कहना था कि प्रस्तावित व्यवस्था से छात्रों और अभिभावकों में भ्रम की स्थिति है।
इसके बाद पांच सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन सौंपा, जिसे एडीएम प्रशासन विनीत कुमार ने प्राप्त किया।
कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए पुलिस प्रशासन सतर्क रहा। सीओ सिटी राकेश सिंह, इंस्पेक्टर नरेश पाल और ट्रैफिक प्रभारी सुशील कुमार मौके पर तैनात रहे। यातायात सुचारु रखने के लिए डायवर्जन प्लान लागू किया गया था।
प्रशासन ने बताया कि प्रदर्शन शांतिपूर्ण रहा। सामाजिक संगठनों का कहना है कि इस मुद्दे पर आगे भी चर्चा और संवाद की आवश्यकता है।
