मुज़फ़्फरनगर/खतौली। खतौली क्षेत्र में गंग नहर के किनारे मिली महिला की लाश ने पूरे जिले को हिलाकर रख दिया था, लेकिन पुलिस की त्वरित जांच और सीसीटीवी फुटेज ने इस सनसनीखेज हत्याकांड की परतें खोल दीं।
पुलिस के अनुसार, 14 जनवरी की रात नहर किनारे झाड़ियों में एक महिला का शव पड़ा मिला था। उसके चेहरे पर टेप चिपका हुआ था और शरीर पर संघर्ष के निशान थे। प्रारंभिक जांच में शव की पहचान मुश्किल हो रही थी, लेकिन आसपास के लोगों से पूछताछ और फोटो मिलान के बाद मृतका की पहचान ममता (45) निवासी किदवईनगर, खतौली के रूप में हुई। ममता घरों में खाना बनाकर परिवार का भरण-पोषण करती थी।
जांच के दौरान पुलिस को इलाके के सीसीटीवी कैमरों की फुटेज मिली, जिसमें एक ठेले पर संदिग्ध तरीके से बोरी लादकर ले जाया जा रहा था। फुटेज की गहन पड़ताल के बाद पुलिस ने रेहड़ी चलाने वाले संदीप नामदेव को हिरासत में लिया। पूछताछ में संदीप टूट गया और पूरी साजिश स्वीकार कर ली।
आरोपी ने बताया कि ममता पहले उसके घर काम करने आती थी, इसी दौरान दोनों के बीच नजदीकियां बढ़ीं। बाद में पैसों को लेकर दोनों में तनाव बढ़ता गया। विवाद बढ़ने पर संदीप ने उसे अपने घर बुलाया और चाय में नशीली गोली मिला दी। बेहोशी की हालत में उसने गला दबाकर हत्या कर दी, फिर पहचान छिपाने के लिए चेहरे पर टेप चिपका दिया।
हत्या के बाद संदीप ने शव को ठेले पर रखकर देर रात गंग नहर के पास सुनसान इलाके में फेंकने की कोशिश की, लेकिन रास्ते के कैमरों ने उसे बेनकाब कर दिया। पुलिस ने आरोपी के घर से ठेला, नशीली दवा की शीशी, बेडशीट और अन्य साक्ष्य बरामद कर लिए हैं।
एसपी ग्रामीण ने बताया कि आरोपी के खिलाफ हत्या, सबूत मिटाने और साजिश रचने की धाराओं में मुकदमा दर्ज कर उसे न्यायालय में पेश किया गया, जहां से उसे जेल भेज दिया गया है। पुलिस का कहना है कि यह मामला भावनात्मक धोखे और लालच का दुखद परिणाम है।


