मुज़फ्फरनगर। संगठित अपराध पर निर्णायक चोट करते हुए रतनपुरी थाना पुलिस ने बुधवार को ऐतिहासिक कार्रवाई की और कुख्यात अपराधी जाहिद व उसके सहयोगी गिरोह की करोड़ों रुपये की अवैध संपत्ति जब्त कर ली। जिला पुलिस इसे अपराध नियंत्रण की दिशा में बड़ी सफलता मान रही है।
यह कार्रवाई गैंगस्टर एक्ट की धारा 14(1) के तहत की गई, जिसमें राजस्व विभाग, प्रशासन और पुलिस की संयुक्त टीम शामिल रही। अधिकारियों के मुताबिक जब्त की गई संपत्ति अपराध से अर्जित धन से खरीदी गई थी, जिसे अब सरकार के पक्ष में सीज कर दिया गया है।
✅क्या-क्या हुआ कुर्क?
35 बीघा उपजाऊ कृषि भूमि (रतनपुरी क्षेत्र में अलग-अलग खसरा नंबरों पर दर्ज)
एक पिकअप वाहन
दो मोटरसाइकिलें
इन सभी संपत्तियों पर प्रशासन ने सील लगाते हुए नोटिस चस्पा किया और आगे की कानूनी प्रक्रिया शुरू कर दी है।
✅कौन है आरोपी गिरोह?
जांच में सामने आया कि जाहिद संगठित गिरोह चलाता था, जिसमें उसके बेटे खालिद और आमिर सक्रिय भूमिका निभाते थे। यह गैंग अवैध तस्करी, गौहत्या, रंगदारी और हिंसक अपराधों में संलिप्त रहा है। इनके खिलाफ रतनपुरी, बुढ़ाना और आसपास के थानों में कई गंभीर मामले दर्ज हैं।
पुलिस की रणनीति — ‘अपराध की कमर तोड़ो’
वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा ने बताया कि केवल गिरफ्तारी ही पर्याप्त नहीं है; अपराध से अर्जित संपत्ति जब्त करना सबसे प्रभावी हथियार है। इससे अपराधियों की आर्थिक ताकत टूटती है और नए अपराधों पर अंकुश लगता है।
रतनपुरी थाना प्रभारी ने बताया कि भविष्य में भी ऐसे गिरोहों की वित्तीय जांच कराई जाएगी और अवैध संपत्तियों पर लगातार कार्रवाई होगी।
✅स्थानीय असर
गांवों में इस कार्रवाई को लेकर चर्चा है। आम लोगों ने पुलिस के कदम का स्वागत किया है, जबकि अवैध कारोबार से जुड़े तत्वों में हड़कंप मचा हुआ है। प्रशासन ने साफ किया है कि किसी भी प्रकार के दबाव या धमकी को स्वीकार नहीं किया जाएगा।
