जम्मू। जम्मू-कश्मीर में बदलते सुरक्षा हालात के बीच केंद्र सरकार ने सुरक्षा व्यवस्था की गहन समीक्षा शुरू कर दी है। केंद्रीय गृह सचिव गोविंद मोहन और इंटेलिजेंस ब्यूरो के निदेशक तपन डेका दो दिवसीय दौरे पर जम्मू पहुंचे हैं। यह दौरा ऐसे समय हो रहा है जब राजौरी समेत कई सीमावर्ती इलाकों में संदिग्ध ड्रोन गतिविधियां सामने आई हैं।
सूत्रों की मानें तो हाल के दिनों में ड्रोन के माध्यम से घुसपैठ और आतंकी मदद की आशंकाओं ने सुरक्षा एजेंसियों की चिंता बढ़ा दी है। इसी को देखते हुए केंद्रीय स्तर पर यह समीक्षा बैठक बुलाई गई है। दौरे के दौरान दोनों अधिकारी सेना, सीआरपीएफ, बीएसएफ, जम्मू-कश्मीर पुलिस और खुफिया एजेंसियों के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ अलग-अलग बैठकें करेंगे।
बैठकों में आतंकवाद से निपटने की रणनीति, ड्रोन रोधी तकनीक, खुफिया सूचनाओं के आदान-प्रदान और संवेदनशील क्षेत्रों में सुरक्षा बढ़ाने जैसे मुद्दों पर विस्तृत मंथन होगा। इसके अलावा हालिया आतंकी घटनाओं की समीक्षा कर भविष्य की रणनीति तय की जाएगी।
प्रशासनिक सूत्रों के अनुसार केंद्र सरकार किसी भी प्रकार की चूक से बचना चाहती है और इसी कारण जमीनी हालात की सीधी समीक्षा की जा रही है। आने वाले दिनों में सुरक्षा व्यवस्था को और सख्त किया जा सकता है।
