सूरत। सूरत पुलिस की स्पेशल ऑपरेशन टीम (SOG) ने शहर में सक्रिय एक अंतरराष्ट्रीय हवाला और साइबर फाइनेंस रैकेट का खुलासा किया है, जिसमें करीब ₹200 करोड़ के अवैध ट्रांजैक्शन का पता लगा है। पुलिस के मुताबिक यह नेटवर्क डिंडोली स्थित एक ‘पैकर्स एंड मूवर्स’ दफ्तर की आड़ में संचालित किया जा रहा था।
छापेमारी के दौरान पुलिस ने नेटवर्क के चार सदस्यों —
प्रतीक वसावा, दीपक पांडे, रूपेश डांडगे और भूषण पाटिल — को हिरासत में लिया।
जाँच में सामने आया कि गिरोह अलग-अलग लोगों के बैंक खातों को किराये पर लेकर उनमें बड़ी रकम ट्रांसफर करवाता, फिर राशि को तुरंत कैश निकालकर क्रिप्टोकरंसी USDT में बदल देता।
पुलिस के अनुसार बदली हुई क्रिप्टो राशि को नेटवर्क का विदेशी संचालक दुबई स्थित वॉलेट्स के माध्यम से नियंत्रित करता था। जाँच एजेंसियाँ अब
✔ विदेशी वॉलेट कनेक्शन
✔ धन के वास्तविक स्रोत
✔ अन्य राज्यों तक फैले नेटवर्क
का पता लगा रही हैं।
SOG अधिकारियों ने बताया कि छापे के दौरान कंप्यूटर सिस्टम, लेजर कॉपियाँ, बैंक पासबुक, एटीएम कार्ड और डिजिटल वॉलेट रिकॉर्ड जब्त किए गए हैं। मामले में आगे फॉरेंसिक डेटा एनालिसिस और इंटर-एजेंसी कोऑर्डिनेशन के तहत कार्रवाई जारी रहेगी।
