नई दिल्ली, 5 फरवरी 26। वित्त वर्ष 2025–26 के अंतिम दिन 31 मार्च को देश की चुनिंदा बैंक शाखाएँ खुली रहेंगी। यह व्यवस्था खास तौर पर सरकारी लेन-देन को समय पर पूरा करने के लिए की जा रही है। इस संबंध में भारतीय रिज़र्व बैंक ने बैंकों को आवश्यक निर्देश जारी किए हैं।
रिज़र्व बैंक के निर्देश के अनुसार, वे शाखाएँ जो सरकारी खातों, कर जमा, पेंशन, सब्सिडी या अन्य सरकारी भुगतानों से जुड़ा काम करती हैं, उन्हें 31 मार्च को कार्यरत रहना होगा। वित्त वर्ष का अंतिम दिन होने के कारण सरकार के राजकोषीय खातों का समापन इसी दिन किया जाता है, इसलिए यह कदम जरूरी माना गया है।
हालाँकि सभी बैंक शाखाओं पर यह नियम लागू नहीं होगा। जिन शाखाओं का काम केवल सामान्य ग्राहकों तक सीमित है और जो सरकारी लेन-देन से सीधे जुड़ी नहीं हैं, वे स्थानीय अवकाश के अनुसार बंद भी रह सकती हैं।
बैंक प्रबंधन को निर्देश दिया गया है कि वे संबंधित ग्राहकों और सरकारी विभागों को पहले से सूचित करें, ताकि अंतिम दिन किसी प्रकार की देरी या असुविधा न हो। इस व्यवस्था से सरकारी भुगतान और राजस्व संग्रह समय पर दर्ज हो सकेंगे।
