हरियाणा के फरीदाबाद स्थित नीमका जिला जेल में रविवार देर रात एक सनसनीखेज वारदात सामने आई, जहाँ आतंकवाद से जुड़े गंभीर आरोपों में बंद एक युवा कैदी की जेल के भीतर ही हत्या कर दी गई। मृतक की पहचान 20 वर्षीय अब्दुल रहमान के रूप में हुई है, जो उत्तर प्रदेश के अयोध्या जिले के मिल्कीपुर क्षेत्र का निवासी बताया गया है। वह बीते वर्ष सुरक्षा एजेंसियों द्वारा गिरफ्तार किया गया था और उस पर देश की संवेदनशील धार्मिक स्थल पर हमले की साजिश रचने का आरोप था।
जेल सूत्रों के अनुसार घटना देर रात बैरक के अंदर हुई, जब कैदियों के बीच किसी बात को लेकर कहासुनी बढ़ गई। इसी दौरान उसी बैरक में बंद एक अन्य कैदी अरुण चौधरी ने कथित रूप से किसी नुकीली वस्तु से अब्दुल रहमान के सिर पर कई वार कर दिए। अचानक हुए हमले से बैरक में अफरा-तफरी मच गई। ड्यूटी पर तैनात सुरक्षाकर्मियों ने तुरंत हस्तक्षेप कर घायल कैदी को जेल अस्पताल पहुँचाया, लेकिन डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया।
घटना के बाद पूरे जेल परिसर में सुरक्षा कड़ी कर दी गई और अन्य कैदियों को उनकी बैरकों में बंद कर दिया गया। पुलिस अधिकारियों ने मौके पर पहुँचकर साक्ष्य जुटाए और आरोपी कैदी को अलग बैरक में शिफ्ट कर पूछताछ शुरू की। प्रारंभिक जांच में यह स्पष्ट नहीं हो पाया है कि हमला व्यक्तिगत रंजिश का परिणाम था या किसी अन्य वजह से विवाद बढ़ा।
इस घटना ने जेल प्रशासन की सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर प्रश्न खड़े कर दिए हैं, खासकर इस बात को लेकर कि उच्च सुरक्षा वाले परिसर में नुकीली वस्तु कैदी तक कैसे पहुँची। मामले की मजिस्ट्रेटी जांच कराए जाने की भी तैयारी बताई जा रही है, जबकि पोस्टमार्टम रिपोर्ट के बाद आगे की कानूनी कार्रवाई तय होगी।
