मुज़फ्फरनगर। जनपद मुज़फ्फरनगर के व्यस्त प्रकाश चौक–महावीर चौक बाजार में शनिवार को उस समय हलचल मच गई, जब राज्य कर (जीएसटी) विभाग की प्रवर्तन इकाई ने रूप फर्नीचर नामक प्रतिष्ठान पर अचानक पहुंचकर अभिलेखों की गहन जांच शुरू कर दी। टीम सुबह करीब साढ़े दस बजे कई वाहनों से मौके पर पहुंची और शोरूम के मुख्य प्रवेश द्वार पर पुलिस बल तैनात कर अंदर-बाहर की गतिविधियों को सीमित कर दिया गया।
प्रतिष्ठान के संचालक राजीव जैन और प्रशांत जैन से अधिकारियों ने अलग-अलग कमरों में बैठाकर पूछताछ की। इस दौरान बिक्री रजिस्टर, टैक्स चालान, ई-वे बिल, कंप्यूटर हार्ड डिस्क और जीएसटी रिटर्न से जुड़े दस्तावेजों का मिलान किया गया। सूत्रों के अनुसार विभाग को पिछले कुछ महीनों से घोषित कारोबार और वास्तविक स्टॉक के बीच अंतर की सूचना मिल रही थी। इसी आधार पर यह कार्रवाई की गई। हालांकि विभाग की ओर से आधिकारिक तौर पर किसी कर चोरी की पुष्टि नहीं की गई है।
कार्रवाई करीब चार घंटे तक चलती रही। बाजार में मौजूद अन्य व्यापारियों और राहगीरों की भीड़ शोरूम के बाहर जमा हो गई, जिसे नियंत्रित करने के लिए अतिरिक्त पुलिस बल बुलाना पड़ा। कई ग्राहकों को शोरूम के भीतर ही रोक दिया गया और कर्मचारियों से मोबाइल फोन उपयोग न करने के निर्देश दिए गए।
विभागीय अधिकारियों ने बताया कि जब्त किए गए दस्तावेजों और डिजिटल डाटा की विस्तृत जांच की जाएगी। यदि कर देनदारी में गड़बड़ी या नियमों का उल्लंघन सामने आता है तो विधिक कार्रवाई अमल में लाई जाएगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि यह अभियान नियमित कर सत्यापन प्रक्रिया का हिस्सा है और पारदर्शी व्यापार व्यवस्था सुनिश्चित करने के उद्देश्य से चलाया जा रहा है।
