मुजफ्फरनगर। जनपद में बढ़ते साइबर अपराधों को गंभीरता से लेते हुए पुलिस प्रशासन ने सख्त रुख अपनाया है। गुरुवार को मुजफ्फरनगर पुलिस की ओर से जारी जानकारी के अनुसार, पुलिस अधीक्षक अपराध श्रीमती इंदु सिद्धार्थ ने साइबर क्राइम थाने में नियुक्त विवेचकों का अर्दली रूम कर कार्यों की समीक्षा की।
बैठक के दौरान एसपी क्राइम ने थाने में लंबित विवेचनाओं की प्रगति, वांछित एवं वारंटी अभियुक्तों की गिरफ्तारी की स्थिति तथा साइबर फ्रॉड के मामलों में की जा रही कार्रवाई की विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने स्पष्ट निर्देश दिए कि सभी विवेचनाएं समयबद्ध, निष्पक्ष और गुणवत्तापूर्ण तरीके से पूर्ण की जाएं।
अर्दली रूम में यह भी जोर दिया गया कि साइबर ठगी के मामलों में पीड़ितों को त्वरित न्याय दिलाना प्राथमिकता होनी चाहिए। अपराधियों की जल्द गिरफ्तारी और प्रभावी नियंत्रण के लिए आवश्यक रणनीति अपनाने के निर्देश दिए गए।
एसपी क्राइम ने कहा कि लापरवाही किसी भी स्तर पर स्वीकार नहीं की जाएगी और प्रत्येक विवेचक अपने-अपने प्रकरणों की नियमित मॉनिटरिंग सुनिश्चित करें। उन्होंने टीमवर्क के साथ कार्य करते हुए साइबर अपराध पर प्रभावी अंकुश लगाने का आह्वान किया।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि जनपद में साइबर अपराध के मामलों को कम करने के लिए लगातार समीक्षा बैठकें और विशेष अभियान चलाए जा रहे हैं, ताकि आमजन को सुरक्षित डिजिटल वातावरण उपलब्ध कराया जा सके।
