मुजफ्फरनगर, 12 मार्च 2026। जनपद में एलपीजी गैस, पेट्रोल और डीजल की कमी को लेकर फैल रही चर्चाओं के बीच प्रशासन ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि जिले में इन पेट्रोलियम पदार्थों की आपूर्ति पूरी तरह सामान्य है और किसी प्रकार की कमी नहीं है। जिलाधिकारी के निर्देश पर की गई समीक्षा के बाद जिला पूर्ति अधिकारी ओम हरि उपाध्याय ने जनसामान्य को आश्वस्त किया कि जनपद में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल का पर्याप्त स्टॉक उपलब्ध है।
जिला पूर्ति अधिकारी ओम हरि उपाध्याय ने बताया कि जिलाधिकारी द्वारा एलपीजी तथा पेट्रोलियम पदार्थों की उपलब्धता और वितरण व्यवस्था को लेकर आपूर्ति विभाग तथा क्षेत्रीय गैस विक्रय अधिकारियों के साथ समीक्षा बैठक की गई। समीक्षा के दौरान यह सुनिश्चित किया गया कि जिले में गैस एजेंसियों और पेट्रोल पंपों पर आपूर्ति सुचारू रूप से जारी है तथा किसी प्रकार की कमी की स्थिति नहीं है।
उन्होंने बताया कि एलपीजी सिलेंडर के पारदर्शी वितरण के लिए ओटीपी आधारित डिलीवरी व्यवस्था लागू की गई है। उपभोक्ताओं को सिलेंडर की डिलीवरी के समय ओटीपी सत्यापन के माध्यम से गैस दी जा रही है ताकि किसी भी प्रकार की अनियमितता की संभावना समाप्त हो सके। हालांकि एक ही समय में बड़ी संख्या में उपभोक्ताओं द्वारा बुकिंग करने के कारण कभी-कभी सर्वर पर तकनीकी दबाव आ जाता है, जिससे अस्थायी समस्या उत्पन्न हो सकती है, लेकिन इसे जल्द ही सामान्य कर लिया जाता है।
जिला पूर्ति अधिकारी ने बताया कि गैस सिलेंडर की कालाबाजारी और अवैध बिक्री को रोकने के लिए प्रशासन पूरी तरह सतर्क है। इसके लिए नगर मजिस्ट्रेट, आपूर्ति विभाग, बाट-माप विभाग, ऑयल कंपनियों के अधिकारी तथा पुलिस विभाग की संयुक्त टीमें गठित की गई हैं। ये टीमें समय-समय पर गैस एजेंसियों और वितरण केंद्रों पर जांच और छापेमारी की कार्रवाई कर रही हैं, ताकि उपभोक्ताओं को नियमानुसार गैस सिलेंडर उपलब्ध कराया जा सके।
उन्होंने कहा कि गैस वितरण से संबंधित किसी भी प्रकार की समस्या या जानकारी के लिए उपभोक्ता अपनी संबंधित तहसील के आपूर्ति कार्यालय या जिला पूर्ति कार्यालय, मुजफ्फरनगर से संपर्क कर सकते हैं।
अंत में जिला पूर्ति अधिकारी ओम हरि उपाध्याय ने जनपद के लोगों से अपील की कि वे किसी भी प्रकार की अफवाहों पर ध्यान न दें और घबराहट में अनावश्यक भीड़ न लगाएं। प्रशासन की ओर से यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि जनपद में एलपीजी, पेट्रोल और डीजल की आपूर्ति लगातार और पर्याप्त मात्रा में बनी रहे।
