मुजफ्फरनगर। जिले में लगाए जा रहे स्मार्ट बिजली मीटरों के विरोध में विभिन्न किसान संगठनों ने संयुक्त मोर्चा बनाकर जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टर-ट्रॉलियों और निजी वाहनों से शहर पहुंचे और कलक्ट्रेट परिसर के बाहर धरना देते हुए प्रशासन को ज्ञापन सौंपा।
प्रदर्शन में शामिल किसानों का आरोप था कि स्मार्ट मीटर लगने के बाद बिजली बिलों में अचानक वृद्धि हो रही है। उनका कहना है कि पारंपरिक मीटरों की तुलना में नए मीटर उपभोग से अधिक रीडिंग दर्शा रहे हैं, जिससे ग्रामीण और कृषि उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है।
संयुक्त मोर्चे के पदाधिकारियों ने कहा कि खेतों की सिंचाई पहले ही महंगी हो चुकी है। डीजल, खाद और बीज के बढ़ते दामों के बीच बिजली बिलों में वृद्धि किसानों के लिए चिंता का विषय है। उन्होंने मांग की कि जब तक मीटरों की कार्यप्रणाली की निष्पक्ष जांच नहीं हो जाती, तब तक ग्रामीण क्षेत्रों में स्मार्ट मीटर लगाने की प्रक्रिया रोकी जाए।
प्रदर्शन के दौरान किसानों ने नारेबाजी करते हुए कहा कि यदि मांगों पर शीघ्र निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से तेज किया जाएगा। ज्ञापन में यह भी मांग रखी गई कि कृषि उपभोक्ताओं के लिए अलग दरें और स्पष्ट बिलिंग प्रणाली लागू की जाए।
मौके पर सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने के लिए मुजफ्फरनगर पुलिस तैनात रही। अधिकारियों ने किसानों के प्रतिनिधिमंडल से वार्ता कर उनकी शिकायतों को शासन तक पहुंचाने का आश्वासन दिया।
वहीं बिजली विभाग के सूत्रों का कहना है कि स्मार्ट मीटर पारदर्शी बिलिंग व्यवस्था के लिए लगाए जा रहे हैं और यदि किसी उपभोक्ता को बिल संबंधी शिकायत है तो विभागीय स्तर पर जांच कर समाधान किया जाएगा।
फिलहाल, किसानों ने चेतावनी दी है कि मांगें पूरी न होने की स्थिति में जिला मुख्यालय पर बड़ा आंदोलन किया जाएगा। जिले में स्मार्ट मीटर को लेकर शुरू हुआ यह विरोध आने वाले दिनों में और व्यापक रूप ले सकता है।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Join WhatsApp Group