लखनऊ, 2 अप्रैल 26। उत्तर प्रदेश में एक बार फिर मौसम करवट लेने जा रहा है। मौसम विभाग ने प्रदेश के कई जिलों में तेज आंधी, बारिश और ओलावृष्टि की चेतावनी जारी की है। मौसम में इस बदलाव को देखते हुए प्रदेश सरकार ने सभी जिलाधिकारियों को अलर्ट रहने के निर्देश दिए हैं, ताकि किसी भी आपदा या फसल नुकसान की स्थिति में तुरंत कार्रवाई की जा सके।
मौसम विभाग के अनुसार प्रदेश में सक्रिय हुए पश्चिमी विक्षोभ के कारण 3 अप्रैल से 5 अप्रैल के बीच कई जिलों में तेज हवाओं के साथ बारिश होने की संभावना है। इस दौरान हवा की रफ्तार 50 से 60 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है। कुछ स्थानों पर ओलावृष्टि भी होने की संभावना जताई गई है, जिससे गेहूं और आम की फसल को नुकसान हो सकता है।
प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने इस मौसम चेतावनी को गंभीरता से लेते हुए सभी जिलाधिकारियों और संबंधित विभागों को सतर्क रहने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने कहा है कि यदि कहीं भी फसल को नुकसान होता है तो तुरंत सर्वे कराकर किसानों को राहत और मुआवजा उपलब्ध कराया जाए। मुख्यमंत्री ने यह भी निर्देश दिए हैं कि अधिकारी फील्ड में जाकर स्थिति का निरीक्षण करें और किसी भी प्रकार की लापरवाही न बरती जाए।
राजस्व विभाग, कृषि विभाग और बीमा कंपनियों को संयुक्त रूप से फसल नुकसान का आकलन करने के निर्देश दिए गए हैं, ताकि किसानों को समय पर आर्थिक सहायता मिल सके। साथ ही बिजली विभाग और आपदा प्रबंधन विभाग को भी अलर्ट रहने के लिए कहा गया है, क्योंकि तेज आंधी से बिजली आपूर्ति और पेड़ गिरने जैसी घटनाएं हो सकती हैं।
मौसम विभाग ने लोगों को भी सावधान रहने की सलाह दी है। किसानों से कहा गया है कि कटी हुई फसल को सुरक्षित स्थान पर रखें और आम की फसल को ओलावृष्टि से बचाने के उपाय करें।
प्रदेश में पिछले दिनों हुई बारिश और ओलावृष्टि से पहले ही कई जिलों में फसलों को नुकसान हुआ था, ऐसे में एक बार फिर मौसम खराब होने की संभावना से किसानों की चिंता बढ़ गई है। प्रशासन का कहना है कि किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए सभी विभागों को तैयार रहने के निर्देश दे दिए गए हैं।
