शामली। जनपद में प्रस्तावित “शामली महोत्सव 2026” को लेकर प्रशासन ने कमर कस ली है। तैयारियों की समीक्षा के लिए जिलाधिकारी अरविन्द कुमार चौहान ने कलेक्ट्रेट सभागार में अधिकारियों, व्यापारियों और संबंधित विभागों के प्रतिनिधियों के साथ बैठक कर साफ शब्दों में निर्देश दिए कि आयोजन ऐसा हो, जो पूरे जिले की पहचान बन जाए।
बैठक में डीएम ने कहा कि यह महोत्सव केवल मनोरंजन का कार्यक्रम नहीं, बल्कि शामली की संस्कृति, हुनर और विकास को मंच देने का बड़ा अवसर है। उन्होंने सभी विभागों को जिम्मेदारी तय करते हुए समय से पहले तैयारियां पूरी करने के निर्देश दिए, ताकि आयोजन के दौरान किसी प्रकार की अव्यवस्था न हो।
प्रशासन ने महोत्सव को आकर्षक बनाने के लिए शहर की सड़कों, प्रमुख चौराहों और आयोजन स्थल की विशेष सजावट कराने की योजना बनाई है। नगर निकायों को साफ-सफाई अभियान तेज करने और प्रकाश व्यवस्था दुरुस्त रखने के निर्देश दिए गए हैं। वहीं लोक निर्माण विभाग को सड़कों की मरम्मत और यातायात को सुचारु बनाए रखने की जिम्मेदारी सौंपी गई है।
महोत्सव में सांस्कृतिक कार्यक्रमों की खास भूमिका रहेगी। स्थानीय कलाकारों, लोक गायकों और स्कूली बच्चों को मंच देने पर जोर दिया गया है, ताकि क्षेत्रीय प्रतिभाओं को पहचान मिल सके। इसके साथ ही ओडीओपी योजना के तहत जनपद के उत्पादों के स्टॉल लगाए जाएंगे, जिससे स्थानीय उद्यमियों को भी बढ़ावा मिलेगा।
डीएम ने व्यापारियों से भी अपील की कि वे अपने प्रतिष्ठानों को आकर्षक तरीके से सजाकर इस आयोजन को जन-जन का उत्सव बनाएं। सोशल मीडिया के माध्यम से महोत्सव का प्रचार-प्रसार करने और अधिक से अधिक लोगों की भागीदारी सुनिश्चित करने पर भी बल दिया गया।
सुरक्षा व्यवस्था को लेकर पुलिस विभाग को अलर्ट मोड पर रहने के निर्देश दिए गए हैं। भीड़ प्रबंधन, पार्किंग व्यवस्था और सीसीटीवी निगरानी को मजबूत करने के साथ-साथ स्वास्थ्य विभाग को मेडिकल कैंप और एम्बुलेंस की उपलब्धता सुनिश्चित करने को कहा गया है।
अंत में जिलाधिकारी अरविन्द कुमार चौहान ने दो टूक कहा कि किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। हर विभाग अपनी जिम्मेदारी पूरी ईमानदारी से निभाए, ताकि “शामली महोत्सव 2026” जिले के लिए एक यादगार आयोजन बन सके।
