कोलकाता। पश्चिम बंगाल में चुनावी माहौल के बीच प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने हल्दिया में आयोजित एक बड़ी जनसभा के दौरान राज्य की जनता के लिए छह अहम गारंटियों का ऐलान किया। अपने संबोधन में उन्होंने कानून-व्यवस्था, महिला सुरक्षा, भ्रष्टाचार और कर्मचारियों से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से उठाया।
प्रधानमंत्री ने कहा कि राज्य में सत्ता परिवर्तन होने पर प्रशासनिक व्यवस्था को पूरी तरह पारदर्शी और जवाबदेह बनाया जाएगा। उन्होंने भरोसा दिलाया कि आम नागरिक को भयमुक्त माहौल दिया जाएगा और कानून का राज स्थापित किया जाएगा।
महिला सुरक्षा को लेकर उन्होंने बड़ा बयान देते हुए कहा कि राज्य में दर्ज सभी गंभीर अपराध, खासकर दुष्कर्म से जुड़े मामलों की फाइलें दोबारा खोली जाएंगी। हर केस की निष्पक्ष जांच कर दोषियों को सख्त सजा दिलाने की बात कही गई।
सरकारी कर्मचारियों को लेकर भी बड़ा वादा किया गया। प्रधानमंत्री ने कहा कि नई सरकार बनने पर राज्य में 7वां वेतन आयोग लागू किया जाएगा, जिससे लाखों कर्मचारियों और पेंशनभोगियों को सीधा लाभ मिलेगा।
इसके अलावा उन्होंने भ्रष्टाचार के मुद्दे पर सख्त रुख अपनाने की बात कही। उन्होंने स्पष्ट किया कि किसी भी स्तर पर भ्रष्टाचार बर्दाश्त नहीं किया जाएगा और दोषियों को जेल भेजा जाएगा, चाहे उनका पद कितना भी बड़ा क्यों न हो।
सीमा सुरक्षा और नागरिकता से जुड़े मुद्दों पर भी उन्होंने अपनी नीति साफ की। अवैध घुसपैठ पर रोक लगाने और पात्र लोगों को अधिकार देने की बात दोहराई गई।
सभा के दौरान उन्होंने राज्य की मौजूदा सरकार पर भी निशाना साधते हुए कहा कि वर्तमान व्यवस्था में आम जनता को कई समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। उन्होंने जनता से बदलाव का समर्थन करने की अपील की।
कुल मिलाकर, प्रधानमंत्री की ये छह गारंटी कानून-व्यवस्था में सुधार, महिला सुरक्षा, भ्रष्टाचार पर नियंत्रण और कर्मचारियों के हितों को केंद्र में रखकर तैयार की गई चुनावी रणनीति का हिस्सा मानी जा रही हैं।
