मुजफ्फरनगर। इस वर्ष माध्यमिक शिक्षा की बोर्ड परीक्षाएँ जिले में अभूतपूर्व निगरानी व्यवस्था के बीच कराई जाएँगी। उत्तर प्रदेश माध्यमिक शिक्षा परिषद द्वारा घोषित कार्यक्रम के अनुसार हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएँ 18 फरवरी 2026 से प्रारम्भ होंगी। परीक्षा प्रक्रिया को पूरी तरह पारदर्शी और नकल-मुक्त बनाने के उद्देश्य से इस बार उत्तर पुस्तिकाओं की पैकिंग से लेकर उनके सुरक्षित भंडारण तक हर चरण इलेक्ट्रॉनिक निगरानी में रखा जाएगा।
जनपद मुजफ्फरनगर के सभी परीक्षा केंद्रों पर परीक्षा समाप्त होने के बाद कॉपियों की गिनती और पैकिंग निर्धारित कक्षों में कराई जाएगी, जहाँ सीसीटीवी कैमरे और वॉइस रिकॉर्डर लगातार सक्रिय रहेंगे। पूरी प्रक्रिया की रिकॉर्डिंग सुरक्षित रखी जाएगी ताकि किसी भी प्रकार की शिकायत या जांच की स्थिति में उसे देखा जा सके। अधिकारियों का कहना है कि यह व्यवस्था पारदर्शिता बढ़ाने के साथ-साथ लापरवाही या गड़बड़ी की आशंका को भी समाप्त करेगी।
सील की गई उत्तर पुस्तिकाएँ निर्धारित स्ट्रांग रूम में रखी जाएँगी, जहाँ चौबीसों घंटे कैमरों की निगरानी रहेगी। स्ट्रांग रूम डबल लॉक प्रणाली से सुरक्षित होगा और उसे केवल अधिकृत अधिकारियों की मौजूदगी में ही खोला या बंद किया जाएगा। सेक्टर मजिस्ट्रेट तथा स्टैटिक मजिस्ट्रेट समय-समय पर निरीक्षण कर सुरक्षा व्यवस्था की पुष्टि करेंगे।
जिले के संवेदनशील और अतिसंवेदनशील परीक्षा केंद्रों की अलग से पहचान की गई है। इन केंद्रों पर अतिरिक्त पुलिस बल तैनात रहेगा तथा प्रशासनिक टीमें औचक निरीक्षण करती रहेंगी। परीक्षा केंद्रों के आसपास अनावश्यक भीड़ न जुटे, इसके लिए भी स्थानीय प्रशासन को सतर्क रहने के निर्देश दिए गए हैं।
परीक्षार्थियों के लिए भी स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए गए हैं। छात्रों को समय से पहले केंद्र पर पहुँचना होगा और किसी भी प्रकार का मोबाइल फोन या इलेक्ट्रॉनिक उपकरण साथ लाने की अनुमति नहीं होगी। प्रवेश द्वार पर सामान्य तलाशी की व्यवस्था रहेगी, जबकि छात्राओं की जांच महिला कर्मियों द्वारा ही की जाएगी।
शिक्षा विभाग के अधिकारियों का कहना है कि इन व्यवस्थाओं का उद्देश्य छात्रों को निष्पक्ष वातावरण देना और परीक्षा प्रणाली में विश्वास बनाए रखना है। अभिभावकों और विद्यार्थियों से अपील की गई है कि वे अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक सूचनाओं पर भरोसा करें। सख्त निगरानी और प्रशासनिक सतर्कता के बीच इस बार की बोर्ड परीक्षाएँ पूरी पारदर्शिता के साथ सम्पन्न कराने की तैयारी पूरी कर ली गई है।
