मुज़फ़्फ़रनगर जनपद के सिखेड़ा थाना क्षेत्र के गांव हसनपुर कदीम निवासी रामकिशन पुत्र महावीर ने थाना सिखेड़ा में दी गई तहरीर में बताया कि वह कई वर्षों से घर पर देशी मुर्गियाँ पालकर अपने परिवार का खर्च चलाता है। उसके अनुसार पड़ोस में रहने वाले तेजपाल और उसका पुत्र सोनू पहले भी जानवरों को लेकर विवाद कर चुके हैं। रामकिशन का आरोप है कि पुरानी रंजिश के चलते उन्होंने अपने पाले हुए बड़े कुत्तों को उसके मुर्गी बाड़े की ओर छोड़ दिया। कुत्तों ने बाड़े में घुसकर मुर्गियों पर हमला कर दिया, जिससे बड़ी संख्या में मुर्गियाँ मौके पर ही मर गईं जबकि कुछ गंभीर रूप से घायल हो गईं।
घटना के बाद शोर सुनकर जब परिवार के लोग बाहर आए तो बाड़े में अफरा तफरी का माहौल था और कई मुर्गियाँ खून से लथपथ पड़ी थीं। पीड़ित परिवार का कहना है कि उन्होंने तत्काल आरोपियों से विरोध किया तो कहासुनी भी हुई। इसके बाद रामकिशन थाने पहुंचा और पूरी घटना की लिखित शिकायत दी। उसने बताया कि मर चुकी मुर्गियों की कीमत और अंडे देने वाली मुर्गियों के नुकसान को मिलाकर उसे हजारों रुपये की हानि हुई है, जिससे उसके परिवार की आजीविका पर संकट खड़ा हो गया है।
थाना पुलिस का कहना है कि तहरीर प्राप्त हो गई है और मामले की जांच की जा रही है। पुलिस ने दोनों पक्षों को बुलाकर पूछताछ शुरू कर दी है और घटनास्थल का भी निरीक्षण किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि जांच में जो तथ्य सामने आएंगे, उसी आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी। गांव में इस घटना के बाद तनाव का माहौल बना हुआ है और ग्रामीणों में पशुओं की सुरक्षा को लेकर चिंता बढ़ गई है।
