
मुज़फ्फरनगर। जिला कारागार मुज़फ्फरनगर को लेकर जय समता पार्टी ने ऐसा खुलासा किया है, जिसने प्रशासन की नींद उड़ा दी है। राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री, गृह मंत्री, मुख्यमंत्री और कारागार महानिदेशक को भेजे गए पत्र में पार्टी ने दावा किया है कि जेल के अंदर एक संगठित वसूली गैंग सक्रिय है, जिसमें बंदियों को पीट-पीटकर पैसे ऐंठे जाते हैं।
सबसे बड़ा आरोप यह कि हर बंदी पर ₹20,700 की जबरन “बिल्टी फीस” थोप दी जाती है। पैसा ना देने वालों को पारदर्शी प्लास्टिक की लाठी से पीटा जाता है, गालियां दी जाती हैं और टॉर्चर कर घरवालों से पैसा मंगवाने को मजबूर किया जाता है।
यही नहीं आगे बताया कि
मुलाकात शुल्क: ₹100 प्रति बंदी
रोटी: ₹2, दाल: ₹20, चाय: ₹10, बिस्कुट: ₹10
बीड़ी: ₹20–40, सिगरेट: ₹20 लिये जाते है।
और आरोप तो यहां तक हैं कि नशीले पदार्थ भी जेल में ऊंचे दामों पर खुलेआम बिकते हैं।
पत्र में कहा गया है कि हर गेट पर उगाही, बैरक लौटते समय दोबारा उगाही—यह जेल नहीं बल्कि “कैश कलेक्शन सेंटर” की तरह चला रहा है।
सबसे गंभीर आरोप डिप्टी जेलर अंकित पर लगे हैं—
बंदियों को गालियां देना, थप्पड़ मारना, बेंत से पिटवाना, शिकायत पर धमकाना और रिहाई के वक्त ठंड में कपड़े उतरवाकर एक घंटे तक बैठाना। वकील तक को “पीटकर वकालत छुड़वा दूँगा” जैसी धमकी देने का भी आरोप है।
जय समता पार्टी ने मांग की है कि पूरी उगाही बंद हो, भ्रष्टाचार खत्म किया जाए, और डिप्टी जेलर अंकित को तुरंत निलंबित कर मुकदमा दर्ज किया जाए।
