मुजफ्फरनगर में भारतीय किसान यूनियन की ओर से स्वतंत्रता दिवस के मद्देनजर ट्रैक्टर तिरंगा यात्रा निकाली गई। राकेश टिकैत की अगुवाई में निकली यात्रा में बड़ी संख्या में किसान ट्रैक्टरों पर तिरंगा लगाकर शामिल हुए। यात्रा शहर के प्रमुख मार्गों से होकर गुजरी। किसानों ने तिरंगे के साथ देशभक्ति और एकता का संदेश दिया।भाकियू ने इस यात्रा को ‘अगस्त ट्रैक्टर क्रांति यात्रा’ नाम दिया है। संगठन के अनुसार अगस्त का महीना देश की आजादी के संघर्ष से जुड़ा है। इसी भावना को ध्यान में रखते हुए किसानों के बीच राष्ट्रभक्ति, एकता और जागरूकता का संदेश पहुंचाने के उद्देश्य से यात्रा का आयोजन किया गया।यात्रा के दौरान सैकड़ों ट्रैक्टरों पर तिरंगे झंडे लगाए गए थे। किसान हाथों में तिरंगा लेकर यात्रा में शामिल हुए। ट्रैक्टरों का काफिला शहर के अलग-अलग मार्गों से होकर गुजरा, जिससे रास्ते में लोगों का ध्यान भी यात्रा की ओर आकर्षित हुआ। किसानों ने तिरंगे के साथ अपनी एकजुटता का प्रदर्शन किया।यात्रा की अगुवाई भाकियू के राष्ट्रीय प्रवक्ता राकेश टिकैत ने की। उनके नेतृत्व में किसानों का काफिला शहर के प्रमुख मार्गों से होते हुए भाकियू कार्यालय पहुंचा, जहां यात्रा का समापन किया गया। इस दौरान भाकियू कार्यकर्ताओं और किसानों में खासा उत्साह दिखाई दिया।राकेश टिकैत ने कहा कि अगस्त का महीना देश की आजादी और क्रांति के इतिहास से जुड़ा है। उन्होंने बताया कि संगठन की ओर से वर्ष 2018 से ट्रैक्टर यात्राएं निकाली जा रही हैं। उनका कहना है कि अगस्त के महीने में तिरंगा यात्राओं के माध्यम से नई पीढ़ी और किसानों तक स्वतंत्रता संग्राम तथा राष्ट्रभक्ति का संदेश पहुंचाया जाना चाहिए।उन्होंने किसानों से तिरंगे के साथ एकजुट होकर यात्रा में शामिल होने का आह्वान किया। भाकियू की ओर से यह भी कहा गया कि किसान अपने क्षेत्र में तिरंगा यात्रा निकालकर शांतिपूर्ण तरीके से अपनी बात रख सकते हैं।यात्रा के दौरान किसानों की समस्याओं और किसान आंदोलन से जुड़े मुद्दों को लेकर भी आगे की गतिविधियों के संकेत दिए गए। संगठन ने किसानों की मांगों को लेकर अपनी आवाज उठाने की बात कही। यात्रा को स्वतंत्रता दिवस की तैयारियों के साथ किसानों के बीच एकता और जागरूकता बढ़ाने के कार्यक्रम के रूप में देखा गया।