मुजफ्फरनगर। चरथावल कस्बे में रविवार को एक निकाह उस समय टूट गया जब दूल्हा पक्ष पर निकाह के दौरान अतिरिक्त नकद राशि मांगने का आरोप लगा। विवाद बढ़ने पर करीब दो घंटे तक पंचायत चली, लेकिन बात नहीं बन सकी। आखिरकार दुल्हन ने शादी से इनकार कर दिया और बारात को बिना निकाह के वापस लौटना पड़ा।जानकारी के अनुसार कस्बे के खुसरोपुर रोड निवासी राशिद की पुत्री खुशनसीब का निकाह बागपत जनपद के पलड़ा गांव निवासी गुल्ला के साथ तय हुआ था। रविवार को दूल्हा करीब 80 बारातियों के साथ चरथावल पहुंचा। लड़की पक्ष ने बारात का स्वागत किया और निकाह की तैयारियां पूरी कर ली गईं।बताया जाता है कि निकाह की रस्म शुरू होने से पहले दोनों पक्षों के बीच पैसों को लेकर विवाद खड़ा हो गया। लड़की पक्ष का आरोप है कि पहले से तय रकम के अलावा दूल्हा पक्ष ने डेढ़ लाख रुपये अतिरिक्त नकद देने की मांग की। इस पर दोनों पक्षों के बीच कहासुनी शुरू हो गई और निकाह की प्रक्रिया रोक दी गई।मामले को सुलझाने के लिए दोनों परिवारों के बुजुर्ग, रिश्तेदार और समाज के गणमान्य लोग आगे आए। करीब दो घंटे तक पंचायत चली और समझौते के प्रयास किए गए। पंचायत में मौजूद लोगों ने दोनों पक्षों को समझाने का प्रयास किया, लेकिन कोई सहमति नहीं बन सकी।इसी दौरान दुल्हन खुशनसीब ने स्पष्ट रूप से शादी करने से इनकार कर दिया। परिजनों के अनुसार दुल्हन का कहना था कि जिस रिश्ते की शुरुआत ही पैसों की मांग से हो रही हो, वहां वह अपना भविष्य नहीं देखती। दुल्हन के इस फैसले के बाद निकाह की सभी तैयारियां रद्द कर दी गईं।इसके बाद बारात को बिना दुल्हन के ही वापस लौटना पड़ा। घटना की जानकारी क्षेत्र में फैलते ही लोगों के बीच चर्चा का विषय बन गई। कई लोगों ने दुल्हन के फैसले की सराहना करते हुए इसे आत्मसम्मान और दहेज जैसी कुप्रथाओं के खिलाफ एक मजबूत कदम बताया।