मुजफ्फरनगर। शारदीय नवरात्र के समापन पर सांझी माता के विसर्जन को लेकर काली नदी घाट की बदहाल स्थिति का मुद्दा उठने लगा है। नदी में नालों का गंदा पानी, पॉलिथीन और कूड़ा-कचरा बहने से श्रद्धालुओं को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। इस समस्या को लेकर राष्ट्रीय हिंदू शक्ति संगठन के पदाधिकारियों ने शनिवार को प्रशासनिक अधिकारी शेफाली को ज्ञापन सौंपकर घाट की सफाई कराने सहित अन्य व्यवस्थाएं दुरुस्त करने की मांग की।

संगठन के पदाधिकारियों का कहना है कि काली नदी धार्मिक आस्था का प्रमुख केंद्र है। हर साल अष्टमी और नवमी पर बड़ी संख्या में परिवार सांझी माता की प्रतिमाओं का विसर्जन करने के लिए यहां पहुंचते हैं। इस बार दोनों तिथियां 19 अक्टूबर को पड़ रही हैं। ऐसे में श्रद्धालुओं की सुविधा को देखते हुए विसर्जन से पहले घाट की सफाई कराया जाना जरूरी है।ज्ञापन में कहा गया कि शहर के नालों और औद्योगिक इकाइयों से निकलने वाला गंदा पानी नदी में पहुंच रहा है। इसके साथ ही पॉलिथीन और कूड़ा-कचरा जमा होने से घाट की स्थिति खराब हो गई है। संगठन ने कहा कि गंदगी के बीच धार्मिक अनुष्ठान करना श्रद्धालुओं के लिए कठिन हो रहा है और इससे उनकी धार्मिक भावनाएं भी आहत हो रही हैं।संगठन ने प्रशासन से मांग की कि 19 अक्टूबर से पहले घाट की विशेष सफाई कराई जाए। साथ ही दो दिन के लिए नालों और उद्योगों का गंदा पानी नदी में जाने से रोकने की वैकल्पिक व्यवस्था की जाए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए अस्थायी विसर्जन कुंड बनाने के साथ ही जेसीबी से सफाई और चूने का छिड़काव कराने की मांग भी रखी गई।ज्ञापन सौंपने पहुंचे पदाधिकारियों ने कहा कि विसर्जन के दौरान श्रद्धालुओं को किसी तरह की असुविधा नहीं होनी चाहिए। इसके लिए प्रशासन को समय रहते जरूरी कदम उठाने चाहिए। संगठन ने चेतावनी दी कि यदि समय पर सफाई और अन्य व्यवस्थाएं नहीं की गईं तो श्रद्धालुओं को धार्मिक अनुष्ठान करने में परेशानी होगी।इस दौरान संगठन के राष्ट्रीय संयोजक संजय अरोड़ा, राष्ट्रीय अध्यक्ष महिला सरिता शर्मा अरोड़ा, नगर अध्यक्ष नवीन गोयल, राजीव कुमार बंसल, जिलाध्यक्ष कन्हैया शर्मा, जिला सचिव अशोक वर्मा, अंकित पाल, सोनू धीमान, पंकज लूथरा, मनोज कुमार, नितिन गोयल, दीपक गोयल, सचिन सैनी, प्रवीण वर्मा, मनीष तायल, सुलभ वर्मा, राजकुमार गर्ग, सुंदर सैनी और राजेश शर्मा सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।