शामली। हरियाणवी गायक एवं कलाकार अंकित बालियान हत्याकांड की जांच में पुलिस को अहम सफलता मिली है। वारदात में शामिल बताए जा रहे दो शूटरों की पहचान आर्यन और सत्यम के रूप में हुई है। दोनों के फोटो भी सामने आए हैं। पुलिस अब उनकी गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर दबिश दे रही है।अंकित बालियान की 26 अगस्त को शामली कोतवाली क्षेत्र की नाला पटरी पर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। वह जिम से निकलकर अपनी कार की ओर जा रहे थे, तभी बाइक सवार हमलावरों ने उन्हें घेर लिया और ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दीं। गंभीर रूप से घायल अंकित की मौके पर ही मौत हो गई। वारदात के बाद हमलावर फरार हो गए थे।हत्याकांड के बाद पुलिस और एसटीएफ की कई टीमें आरोपियों की तलाश में जुटी हैं। जांच में सामने आया है कि वारदात में चार शूटर शामिल थे और उनकी पहचान कर ली गई है। इनमें आर्यन और सत्यम के नाम सामने आने के साथ उनके फोटो भी जांच एजेंसियों के हाथ लगे हैं। बताया जा रहा है कि चारों संदिग्ध हरियाणा के हिसार और रोहतक क्षेत्र के रहने वाले हैं।जांच में यह भी सामने आया है कि चारों में से एक आरोपी पहले हत्या के मामले में जेल जा चुका है, जबकि अन्य आरोपियों की आपराधिक गतिविधियों के संबंध में भी जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस आरोपियों के पुराने संपर्कों और गतिविधियों को खंगाल रही है, ताकि हत्याकांड के पीछे की पूरी साजिश का पता लगाया जा सके।पुलिस ने वारदात के बाद घटनास्थल और आसपास के रास्तों की सीसीटीवी फुटेज खंगाली। फुटेज में हमलावर अंकित का इंतजार करते दिखाई दिए। जैसे ही अंकित अपनी कार के पास पहुंचे, आरोपियों ने उन पर गोलियां चला दीं। पुलिस ने फुटेज और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर आरोपियों की पहचान की कड़ियां जोड़ी हैं।हत्याकांड में गोगी गैंग से जुड़े होने का एंगल भी जांच में सामने आया है। हालांकि आर्यन, सत्यम और अन्य संदिग्धों के गैंग से संबंध तथा हत्या की पूरी साजिश के संबंध में पुलिस की अंतिम आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है। जांच एजेंसियां यह पता लगाने में जुटी हैं कि अंकित की हत्या की योजना किसने बनाई और शूटरों को वारदात के लिए किसने निर्देश दिए।पुलिस अब पहचाने गए चारों शूटरों की गिरफ्तारी के साथ उन लोगों तक पहुंचने का प्रयास कर रही है, जिन्होंने वारदात से पहले या बाद में आरोपियों की मदद की। हरियाणा और दिल्ली में संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है। अधिकारियों को उम्मीद है कि आरोपियों की गिरफ्तारी के बाद हत्या की वजह और पूरी साजिश से जुड़े कई अहम राज सामने आ सकते हैं।