मुजफ्फरनगर। जनपद में संचालित खेत बचाओ अभियान के तहत शुक्रवार को विकसित कृषि संकल्प अभियान का आयोजन कर किसानों को आधुनिक एवं वैज्ञानिक खेती के प्रति जागरूक किया गया। कार्यक्रम के दौरान कृषि विभाग और कृषि विज्ञान केंद्र की संयुक्त टीम ने विभिन्न ग्राम पंचायतों में पहुंचकर किसानों को उन्नत कृषि तकनीकों, पशुपालन और प्राकृतिक खेती के बारे में जानकारी दी।अभियान के अंतर्गत विकास खंड बघरा के ढिंढावली, बुढ़ाना खुर्द, नसीरपुर और पीपलहेड़ा तथा विकास खंड बुढ़ाना के कुरालसी और परासौली गांवों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किए गए। कार्यक्रमों में बड़ी संख्या में किसानों ने भाग लेकर कृषि संबंधी जानकारियां प्राप्त कीं।कृषि विज्ञान केंद्र बघरा के वैज्ञानिक डॉ. दीपक शर्मा ने किसानों को पशुपालन के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि पशुधन न केवल किसानों की आय बढ़ाने में सहायक है, बल्कि मिट्टी की उर्वरता और फसल उत्पादन में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उन्होंने पशुओं में होने वाली थनैला बीमारी, टीकाकरण और पशु स्वास्थ्य प्रबंधन से संबंधित आवश्यक जानकारियां भी साझा कीं।कृषि विभाग के प्राविधिक सहायक ग्रुप-बी रविंद्र कुमार ने किसानों को मृदा परीक्षण के आधार पर उर्वरकों के संतुलित उपयोग, बीज शोधन, समय से बुवाई, हरी खाद, जैव उर्वरकों, जल संरक्षण और मृदा प्रबंधन की तकनीकों की जानकारी दी। उन्होंने विभिन्न फसलों के वैज्ञानिक प्रबंधन और उत्पादन बढ़ाने के उपायों पर भी विस्तार से चर्चा की।कार्यक्रम में किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने और जैविक अनाज उत्पादन के लिए प्रेरित किया गया। विशेषज्ञों ने बताया कि जैविक खेती न केवल भूमि की सेहत सुधारती है, बल्कि मानव स्वास्थ्य के लिए भी लाभकारी है।इसके अलावा किसानों को फार्मर रजिस्ट्री, प्रधानमंत्री फसल बीमा योजना और कृषि विभाग द्वारा संचालित विभिन्न योजनाओं की जानकारी दी गई। कार्यक्रम के दौरान किसानों की समस्याओं और जिज्ञासाओं का समाधान भी विशेषज्ञों द्वारा किया गया।