गाजियाबाद। राजनगर डिस्ट्रिक्ट सेंटर (आरडीसी) स्थित एक ज्वेलरी शोरूम में हुई करोड़ों रुपये के जेवरात चोरी की वारदात का पुलिस ने खुलासा कर दिया है। मामले में शोरूम के सेल्समैन समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया गया है। पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब तीन करोड़ रुपये कीमत के सोने-चांदी के आभूषण भी बरामद किए हैं।पुलिस जांच में सामने आया है कि शोरूम में काम करने वाले एक सेल्समैन ने ही अपने पिता, प्रेमिका और एक साथी के साथ मिलकर चोरी की पूरी साजिश रची थी। आरोपियों ने शोरूम की सुरक्षा व्यवस्था और चाबी से जुड़ी जानकारी का फायदा उठाकर वारदात को अंजाम दिया।पुलिस उपायुक्त नगर धवल जायसवाल ने बताया कि सबसे पहले एक आरोपी चितरंजन को गिरफ्तार किया गया था। उससे पूछताछ के बाद पुलिस ने मुख्य आरोपी नितिन वर्मा, उसके पिता संजय वर्मा और प्रेमिका काजल को भी गिरफ्तार कर लिया। नितिन शोरूम में सेल्समैन के पद पर कार्यरत था और उसे शोरूम की अंदरूनी व्यवस्था की पूरी जानकारी थी।जांच में यह भी पता चला कि नितिन ने वारदात से कुछ दिन पहले अपना जन्मदिन होने की बात कहकर शोरूम के कर्मचारियों और सुरक्षा कर्मियों को पार्टी दी थी। पुलिस को आशंका है कि इसी दौरान उसने शोरूम की चाबी तक पहुंच बनाने की योजना तैयार की। इसके बाद अपने साथियों के साथ मिलकर चोरी की घटना को अंजाम दिया गया।घटना का खुलासा उस समय हुआ जब शुक्रवार सुबह शोरूम के सुरक्षा कर्मी ने प्रबंधक को फोन कर बताया कि शटर खुला हुआ है। मौके पर पहुंचने पर शोकेस में रखे बड़ी मात्रा में सोने और चांदी के आभूषण गायब मिले। सूचना पर पुलिस ने जांच शुरू की और सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली।फुटेज में दो युवक चाबी से शटर खोलकर शोरूम के अंदर जाते दिखाई दिए। दोनों ने सबसे पहले कैमरों को बंद करने की कोशिश की, लेकिन सफल नहीं हो सके। इसके बाद वे पहली मंजिल पर पहुंचे और शोकेस में रखे कीमती जेवर बैग में भर लिए। करीब 25 मिनट तक शोरूम के अंदर रहने के बाद दोनों आरोपी आसानी से वहां से निकल गए।सीसीटीवी फुटेज देखने के बाद शोरूम कर्मचारियों ने एक आरोपी की पहचान नितिन वर्मा के रूप में की। इसके बाद पुलिस ने कई टीमें गठित कर आरोपियों की तलाश शुरू कर दी। लगातार छापेमारी और पूछताछ के बाद चारों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया।पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से करीब तीन करोड़ रुपये कीमत के चोरी किए गए जेवरात बरामद कर लिए हैं। अधिकारियों का कहना है कि मामले में आगे की कानूनी कार्रवाई की जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि चोरी की इस साजिश में कोई अन्य व्यक्ति शामिल था या नहीं।