गोरखपुर, 2 अप्रैल 26। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने गोरखपुर स्थित गोरखनाथ मंदिर परिसर में आयोजित जनता दरबार में आम लोगों की समस्याएं सुनीं और संबंधित अधिकारियों को मौके पर ही समाधान करने के निर्देश दिए। जनता दर्शन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग अपनी शिकायतें और समस्याएं लेकर पहुंचे, जहां मुख्यमंत्री ने एक-एक फरियादी से मिलकर उनकी बात सुनी।
जनता दर्शन कार्यक्रम में 100 से अधिक फरियादी पहुंचे, जिनमें आवास, इलाज, भूमि विवाद, पेंशन, पुलिस कार्रवाई और आर्थिक सहायता से जुड़े मामले प्रमुख रहे। मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि किसी भी जरूरतमंद व्यक्ति को आवास और इलाज के अभाव में परेशान नहीं होना चाहिए। उन्होंने कहा कि गंभीर बीमारियों से पीड़ित लोगों की मदद के लिए तुरंत प्रस्ताव तैयार कर शासन को भेजा जाए, ताकि समय पर आर्थिक सहायता उपलब्ध कराई जा सके।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भूमि कब्जा और दबंगई के मामलों को गंभीरता से लेते हुए अधिकारियों को सख्त कार्रवाई के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि गरीबों, कमजोर वर्ग और महिलाओं को परेशान करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की जाए और ऐसे मामलों में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
जनता दर्शन के दौरान मुख्यमंत्री ने कई मामलों में अधिकारियों को तत्काल मौके पर फोन कर कार्रवाई करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि जनता की समस्याओं का समाधान सरकार की प्राथमिकता है और किसी भी फरियादी को कार्यालयों के चक्कर नहीं लगाने पड़ने चाहिए।
इससे पहले मुख्यमंत्री ने गोरखनाथ मंदिर में पूजा-अर्चना की और मंदिर परिसर का निरीक्षण भी किया। जनता दर्शन कार्यक्रम में प्रशासन और पुलिस विभाग के कई वरिष्ठ अधिकारी भी मौजूद रहे, जिन्होंने मौके पर ही कई समस्याओं का समाधान कराया।
मुख्यमंत्री के जनता दर्शन कार्यक्रम को लेकर लोगों में काफी उत्साह देखा गया और बड़ी संख्या में लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचे। कार्यक्रम के अंत में मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिए कि जनता से जुड़े मामलों का निस्तारण समय सीमा के भीतर सुनिश्चित किया जाए और शिकायतों को लंबित न रखा जाए।