मुजफ्फरनगर। विश्व रेडक्रॉस दिवस के अवसर पर शुक्रवार को जनपद में मानव सेवा, स्वास्थ्य जागरूकता और स्वैच्छिक रक्तदान को बढ़ावा देने के उद्देश्य से विशेष कार्यक्रम आयोजित किए गए। जिला अस्पताल परिसर स्थित रेडक्रॉस भवन में आयोजित मुख्य कार्यक्रम में चिकित्सकों, समाजसेवियों और स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने भाग लेते हुए रक्तदान को जीवन बचाने वाला सबसे बड़ा सामाजिक कार्य बताया। कार्यक्रम के दौरान 8 मई से 22 मई तक चलने वाले रक्तदान पखवाड़े का शुभारंभ भी किया गया।कार्यक्रम की शुरुआत अंतरराष्ट्रीय रेडक्रॉस आंदोलन के संस्थापक हेनरी ड्यूनेंट के चित्र पर माल्यार्पण और पुष्प अर्पित कर की गई। जिला प्रशासन एवं स्वास्थ्य विभाग के निर्देशन में आयोजित कार्यक्रम में अपर मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. अशोक तथा जिला अस्पताल ब्लड बैंक प्रभारी पीके त्यागी मुख्य रूप से मौजूद रहे। अधिकारियों ने बताया कि आगामी दिनों में जनपद के विभिन्न क्षेत्रों में रक्तदान शिविर लगाए जाएंगे, जहां युवाओं और सामाजिक संगठनों को अधिक से अधिक संख्या में रक्तदान के लिए प्रेरित किया जाएगा।विचार गोष्ठी को संबोधित करते हुए रेडक्रॉस सोसाइटी के अध्यक्ष डॉ. अशोक अरोड़ा ने कहा कि रेडक्रॉस संस्था वर्षों से मानवता की सेवा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने कहा कि प्राकृतिक आपदाओं, सड़क दुर्घटनाओं, गंभीर बीमारियों और युद्ध जैसी परिस्थितियों में रेडक्रॉस द्वारा राहत एवं चिकित्सा सहायता उपलब्ध कराई जाती है। उन्होंने बताया कि देश में राष्ट्रपति, प्रदेश में राज्यपाल और जिला स्तर पर जिलाधिकारी रेडक्रॉस सोसाइटी के अध्यक्ष होते हैं तथा संस्था समाज के जरूरतमंद लोगों तक हर संभव सहायता पहुंचाने का कार्य करती है।डॉ. अरोड़ा ने वर्तमान समय में बढ़ती गर्मी और हीट वेव के खतरे को देखते हुए लोगों को सतर्क रहने की सलाह दी। उन्होंने छात्र-छात्राओं और आमजन से दोपहर के समय धूप में बाहर निकलने से बचने, पर्याप्त मात्रा में पानी पीने और स्वास्थ्य संबंधी सावधानियां अपनाने की अपील की। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि एक यूनिट रक्त कई लोगों की जिंदगी बचा सकता है, इसलिए स्वस्थ लोगों को नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए।इस दौरान ट्रेजरर अशोक शर्मा ने कहा कि रक्तदान से बड़ा कोई दान नहीं है और समाज के प्रत्येक सक्षम व्यक्ति को इस पुनीत कार्य में भागीदारी निभानी चाहिए। कार्यक्रम में सुमित्रा देवी, डॉ. एसके अग्रवाल, इंजीनियर सुभाष चंद्र, अंशुमन शर्मा, डॉ. गीतांजलि वर्मा, कार्यालय अधीक्षक शिवराज सिंह सहित अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।