मुजफ्फरनगर(आकाश तायल)। महाराजा अग्रसेन जी की 5150वीं जयंती पर रविवार को खतौली में वैश्य समाज की ओर से भंडारे का आयोजन किया गया। घंटाघर के निकट आयोजित कार्यक्रम में सैकड़ों लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। आयोजन के माध्यम से सामाजिक एकता, सहयोग और सेवा भाव का संदेश दिया गया। इस दौरान महाराजा अग्रसेन जी के आदर्शों को आत्मसात करने का आह्वान किया गया।अश्विन शुक्ल प्रतिपदा के अवसर पर आयोजित कार्यक्रम की शुरुआत महाराजा अग्रसेन जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर की गई। दोपहर 12 बजे से शुरू हुए भंडारे में नगरवासियों के साथ राहगीरों और आसपास के दुकानदारों ने भी भाग लिया। आयोजकों की ओर से लोगों को हलवा और छोले-चावल का प्रसाद वितरित किया गया। वैश्य समाज के लोगों ने व्यवस्था संभालते हुए श्रद्धालुओं की सेवा की।कार्यक्रम में वक्ताओं ने महाराजा अग्रसेन जी के जीवन और उनके सामाजिक सिद्धांतों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि महाराजा अग्रसेन जी ने समाज में समानता, सहयोग और आपसी सद्भाव को महत्व दिया। उनके द्वारा प्रचलित ‘एक ईंट, एक रुपया’ की परंपरा सामूहिक सहयोग और जरूरतमंदों की सहायता का प्रतीक है। उनके विचार आज भी समाज को एकजुट होकर आगे बढ़ने की प्रेरणा देते हैं।समस्त वैश्य समाज खतौली की ओर से जयंती पर नगरवासियों को शुभकामनाएं दी गईं। आयोजन के समापन पर उपस्थित लोगों ने महाराजा अग्रसेन जी के बताए मार्ग पर चलने और सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लेने का संकल्प लिया।भंडारे में विनीत गुप्ता, मुकेश अग्रवाल, दीपक गर्ग, आतिश गुप्ता, मनोज अग्रवाल, अंकुर सिंघल, विपिन कंसल, अंकित तायल, शिवम अग्रवाल, अंकुर अग्रवाल, विशाल अग्रवाल, केशव अग्रवाल, सुरेश गुप्ता, कन्हैया गोयल, अमित गोयल एडवोकेट, सुमित गोयल, अंकित गोयल, सतीश गुप्ता, अजय गुप्ता और माधव गुप्ता सहित वैश्य समाज के अनेक गणमान्य लोग मौजूद रहे।