लखनऊ। उत्तर प्रदेश के पूर्व वरिष्ठ पुलिस अधिकारी प्रेम प्रकाश ने भारतीय जनता पार्टी छोड़कर आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) की सदस्यता ग्रहण कर ली है। पार्टी में शामिल होने के साथ ही उन्होंने वर्ष 2027 के विधानसभा चुनाव में सक्रिय भूमिका निभाने का संकेत दिया। उन्होंने कहा कि अब उनका लक्ष्य पूरे प्रदेश में संगठन को मजबूत करना और पार्टी की विचारधारा को जन-जन तक पहुंचाना है।सोमवार शाम पार्टी की सदस्यता लेने के बाद प्रेम प्रकाश ने कहा कि वह जमीनी स्तर पर संगठन विस्तार के लिए काम करेंगे। उन्होंने स्पष्ट किया कि आगामी विधानसभा चुनाव में वह सक्रिय राजनीतिक भूमिका निभाएंगे और कार्यकर्ताओं के साथ मिलकर पार्टी को मजबूत करेंगे।प्रेम प्रकाश वर्ष 1993 बैच के पुलिस अधिकारी रहे हैं और लंबी प्रशासनिक सेवा के बाद 31 दिसंबर 2022 को प्रयागराज में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक पद से सेवानिवृत्त हुए थे। सेवानिवृत्ति के बाद लोकसभा चुनाव 2024 से पहले उन्होंने भारतीय जनता पार्टी की सदस्यता ली थी। हालांकि पार्टी में शामिल होने के बाद उनकी राजनीतिक सक्रियता सीमित रही।पुलिस सेवा के दौरान प्रेम प्रकाश ने मेरठ, आगरा, मुरादाबाद, कानपुर और लखनऊ समेत कई महत्वपूर्ण जिलों में जिम्मेदार पदों पर कार्य किया। वर्ष 2009 में उन्होंने लखनऊ में पुलिस उपमहानिरीक्षक और वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के रूप में कार्यभार संभाला था। बाद में प्रयागराज में अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक के पद पर भी उनकी तैनाती रही।सेवा काल में अपराध नियंत्रण और कानून-व्यवस्था बनाए रखने में उनकी भूमिका महत्वपूर्ण रही। कानपुर क्षेत्र में तैनाती के दौरान कई बड़े अभियानों का नेतृत्व उन्होंने किया। अपराधियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई के कारण उनकी पहचान एक कड़े अधिकारी के रूप में बनी। माफ़िया मुख्तार अंसारी को पंजाब की रोपड़ जेल से उत्तर प्रदेश की बांदा जेल लाने की कार्रवाई में भी उनकी अहम भूमिका रही थी।राजनीतिक और प्रशासनिक हलकों में प्रेम प्रकाश को लंबे समय तक प्रभावशाली अधिकारी माना जाता रहा है। अब आजाद समाज पार्टी में शामिल होने के बाद उनकी नई राजनीतिक पारी शुरू हो गई है। प्रदेश की राजनीति में उनके इस कदम को महत्वपूर्ण माना जा रहा है।