मुजफ्फरनगर। साइबर अपराध के खिलाफ चलाए जा रहे अभियान के तहत शाहपुर थाना पुलिस ने साइबर ठगी से जुड़े एक मामले में कार्रवाई करते हुए क्षेत्र के एक युवक के विरुद्ध मुकदमा दर्ज किया है। पुलिस का आरोप है कि युवक का बैंक खाता साइबर ठगी से प्राप्त धनराशि के लेनदेन में इस्तेमाल किया गया। मामले में डिजिटल साक्ष्यों के आधार पर जांच आगे बढ़ाई जा रही है तथा पूरे नेटवर्क की पड़ताल की जा रही है।पुलिस के अनुसार, राष्ट्रीय साइबर अपराध रिपोर्टिंग पोर्टल पर दर्ज विभिन्न शिकायतों की जांच के दौरान तेलंगाना, पंजाब और गौतमबुद्धनगर में दर्ज साइबर ठगी के मामलों का तकनीकी विश्लेषण किया गया। जांच में बैंक खातों, मोबाइल नंबरों, एटीएम निकासी और डिजिटल लेनदेन की कड़ियों को खंगालने पर शाहपुर थाना क्षेत्र के गांव तावली निवासी वसीम का एक बैंक खाता संदिग्ध लेनदेन में प्रयुक्त होना सामने आया।प्रारंभिक जांच में पुलिस को जानकारी मिली कि संबंधित बैंक खाते का उपयोग कथित रूप से ऑनलाइन निवेश, टेलीग्राम पर नौकरी दिलाने के नाम पर की गई धोखाधड़ी तथा अन्य साइबर वित्तीय अपराधों से प्राप्त धनराशि के लेनदेन के लिए किया गया। आरोप है कि साइबर अपराधी लोगों से ठगी की गई रकम पहले ऐसे खातों में भेजते थे और बाद में उसे अन्य खातों में स्थानांतरित कर देते थे, जिससे धन के वास्तविक स्रोत तक पहुंचना कठिन हो जाए।पुलिस का दावा है कि आरोपी अपने बैंक खाते का उपयोग साइबर अपराधियों को करने की अनुमति देता था और इसके बदले आर्थिक लाभ प्राप्त करता था। जांच में यह भी सामने आया है कि वह कथित रूप से ठगी की रकम निकालने और उसे विभिन्न खातों में भेजने में सहयोग करता था। हालांकि इन आरोपों की पुष्टि विवेचना और उपलब्ध साक्ष्यों के आधार पर की जाएगी।उपनिरीक्षक विकास कुमार की तहरीर पर शाहपुर थाने में भारतीय न्याय संहिता की संबंधित धाराओं के तहत मुकदमा दर्ज कर लिया गया है। पुलिस अब आरोपी से जुड़े अन्य बैंक खातों, मोबाइल नंबरों और संभावित सहयोगियों की भी जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि साक्ष्य मिलने पर मामले में अन्य व्यक्तियों के विरुद्ध भी नियमानुसार कार्रवाई की जाएगी।