मुजफ्फरनगर। सोशल मीडिया के जरिए लोगों को जाल में फंसाकर वारदात करने वाले गिरोह का रामराज थाना पुलिस और एसओजी देहात टीम ने खुलासा किया है। पुलिस ने एक महिला सहित चार आरोपियों को गिरफ्तार करते हुए ऐसी साजिश का पर्दाफाश किया है, जिसमें इंस्टाग्राम पर दोस्ती कर युवक को सुनसान जगह बुलाया गया और फिर उसके साथ मारपीट कर लूटपाट की गई। मामले का मुख्य आरोपी अभी फरार है, जिसकी तलाश में लगातार दबिश दी जा रही है।पुलिस अधिकारियों के अनुसार यह पूरा मामला पुरानी रंजिश से जुड़ा हुआ है। मुख्य आरोपी समरेज ने अपने साथियों के साथ मिलकर पीड़ित तालिब को सबक सिखाने के लिए पूरी योजना तैयार की थी। साजिश के तहत एक महिला आरोपी के जरिए तालिब से इंस्टाग्राम पर बातचीत शुरू कराई गई। धीरे-धीरे दोनों के बीच बातचीत बढ़ी और फिर युवक को मिलने के लिए बुलाया गया।बताया गया कि तय योजना के मुताबिक तालिब जब मिलने के लिए पहुंचा तो आरोपियों ने पहले उसकी स्कूटी में टक्कर मारी। इसके बाद उसे जबरन कार में बैठाकर सुनसान बाग में ले जाया गया। वहां उसके साथ बेरहमी से मारपीट की गई और तमंचा दिखाकर डराया गया। आरोपियों ने उसका एटीएम कार्ड छीन लिया और पिन नंबर पूछकर खाते से करीब 20 हजार रुपये निकाल लिए।पीड़ित को धमकाने के लिए आरोपियों ने उसकी वीडियो भी बनाई और सोशल मीडिया पर वायरल करने की धमकी दी। इस दौरान युवक काफी डर गया और किसी तरह आरोपियों के चंगुल से निकलने के बाद उसने पुलिस को पूरी घटना की जानकारी दी। मामला सामने आते ही पुलिस और एसओजी टीम सक्रिय हो गई और आरोपियों की तलाश शुरू कर दी गई।जांच के दौरान पुलिस ने नईम, अनस, सुमित सैनी और एक महिला आरोपी को गिरफ्तार कर लिया। उनके कब्जे से वारदात में इस्तेमाल की गई स्विफ्ट कार, मोटरसाइकिल, नगदी, एटीएम कार्ड, आधार कार्ड, मोबाइल फोन और अवैध हथियार बरामद किए गए हैं। पूछताछ में आरोपियों ने पूरी साजिश कबूल कर ली है।पुलिस का कहना है कि फरार मुख्य आरोपी समरेज की गिरफ्तारी के लिए लगातार छापेमारी की जा रही है। साथ ही यह भी जांच की जा रही है कि गिरोह ने पहले भी सोशल मीडिया के जरिए लोगों को फंसाकर ऐसी घटनाओं को अंजाम दिया है या नहीं। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देश पर चलाए गए अभियान में मिली इस सफलता को पुलिस बड़ी उपलब्धि मान रही है।