पश्चिम में चुनाव बाद जारी राजनीतिक तनाव के बीच बुधवार देर रात हिंसा की एक और बड़ी घटना सामने आई। नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी के करीबी सहयोगी और निजी सहायक चंद्रनाथ रथ की अज्ञात हमलावरों ने गोली मारकर हत्या कर दी। घटना के कुछ समय बाद ही बशीरहाट क्षेत्र में भाजपा से जुड़े एक अन्य कार्यकर्ता पर भी जानलेवा हमला होने से राज्य की सियासत गरमा गई है।
पुलिस सूत्रों के अनुसार चंद्रनाथ रथ बुधवार रात अपने साथियों के साथ स्कॉर्पियो वाहन से मध्यमग्राम होते हुए उत्तर बंगाल की ओर जा रहे थे। जैसे ही उनका वाहन जेस्सोर रोड स्थित दोहारिया इलाके के पास पहुंचा, तभी बाइक पर आए बदमाशों ने उनकी गाड़ी को घेर लिया। प्रत्यक्षदर्शियों का कहना है कि हमलावर पूरी तैयारी के साथ आए थे और उन्होंने बेहद करीब से कई राउंड फायरिंग की। गोलियां सीधे चंद्रनाथ रथ को लगीं, जिससे वाहन में अफरा-तफरी मच गई। गंभीर हालत में उन्हें तत्काल निजी अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया। घटना में वाहन चालक समेत दो अन्य लोग भी घायल बताए गए हैं।
इस वारदात के लगभग एक घंटे बाद बशीरहाट इलाके में भाजपा कार्यकर्ता रोहित रॉय को भी गोली मार दी गई। स्थानीय लोगों की मदद से उन्हें अस्पताल पहुंचाया गया, जहां से बाद में कोलकाता रेफर कर दिया गया। चिकित्सकों के अनुसार उनकी हालत नाजुक बनी हुई है। लगातार सामने आ रही हिंसक घटनाओं से इलाके में तनाव और भय का माहौल है।
घटना की जानकारी मिलते ही सुवेंदु अधिकारी देर रात घटनास्थल पर पहुंचे और राज्य सरकार पर निशाना साधा। भाजपा नेताओं ने आरोप लगाया कि राजनीतिक बदले की भावना के तहत उनके कार्यकर्ताओं और नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है। भाजपा सांसदों और वरिष्ठ नेताओं ने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग करते हुए राज्य की कानून व्यवस्था पर सवाल उठाए।
वहीं सत्तारूढ़ टीएमसी ने भाजपा के आरोपों को सिरे से खारिज किया है। पार्टी की ओर से जारी बयान में घटना की निंदा करते हुए कहा गया कि दोषियों को किसी भी हाल में बख्शा नहीं जाएगा। साथ ही पूरे मामले की निष्पक्ष जांच के लिए सीबीआई जांच कराने की मांग भी उठाई गई है।
पुलिस अधिकारियों के मुताबिक घटनास्थल से कई खोखे और जिंदा कारतूस बरामद किए गए हैं। जांच के दौरान एक संदिग्ध वाहन भी कब्जे में लिया गया है, जिसकी नंबर प्लेट फर्जी पाई गई। पुलिस आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाल रही है और हमलावरों की तलाश में कई टीमों को लगाया गया है।
हत्या की खबर फैलते ही भाजपा समर्थकों में भारी आक्रोश देखने को मिला। बड़ी संख्या में कार्यकर्ताओं ने एनएच-12 पर प्रदर्शन करते हुए सड़क जाम कर दी और आरोपियों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की। देर रात तक चले हंगामे के बाद पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों के समझाने पर स्थिति सामान्य हो सकी। घटना के बाद पूरे इलाके में अतिरिक्त पुलिस बल तैनात कर दिया गया है।