मुजफ्फरनगर। मोरना स्थित दी गंगा किसान सहकारी चीनी मिल में गन्ने की पेराई शुरू कराने की मांग को लेकर चल रहा किसानों का धरना प्रशासन से वार्ता के बाद समाप्त हो गया। मिल प्रबंधन की ओर से एक नवंबर से पेराई शुरू करने की जानकारी दिए जाने के बाद किसानों ने आंदोलन खत्म करने का निर्णय लिया। इससे गन्ना किसानों को राहत मिलने की उम्मीद है।किसान मिल को जल्द चालू कराने की मांग को लेकर 22 अक्टूबर से धरने पर बैठे थे। किसानों का कहना था कि पेराई में देरी होने से खेतों में खड़े गन्ने की आपूर्ति प्रभावित हो सकती है। इसके साथ ही गेहूं की बुवाई की तैयारी में भी परेशानी आने की आशंका थी। किसान चाहते थे कि मिल समय पर शुरू हो, ताकि गन्ने की कटाई और खेतों की अगली फसल की तैयारी सुचारू रूप से हो सके।शनिवार को जिला पंचायत प्रशासक डॉ. वीरपाल निर्वाल के नेतृत्व में किसानों के प्रतिनिधिमंडल ने जिलाधिकारी उमेश मिश्रा से मुलाकात कर अपनी समस्याएं रखीं। वार्ता के बाद किसानों को बताया गया कि 30 अक्टूबर को चीनी मिल में पूजन कार्यक्रम होगा और एक नवंबर से गन्ने की पेराई शुरू की जाएगी।पेराई सत्र शुरू होने की तारीख स्पष्ट होने के बाद धरनारत किसानों ने आंदोलन समाप्त कर दिया। इस दौरान मिल के प्रधान प्रबंधक वीपी पांडेय सहित किसान प्रतिनिधि मौजूद रहे। अब किसानों की निगाहें निर्धारित तिथि पर मिल के संचालन और गन्ने की नियमित खरीद शुरू होने पर टिकी हैं।