मुजफ्फरनगर। राष्ट्रीय अधिकार मोर्चा ने लखनऊ में आयोजित एक राजनीतिक रोड शो के दौरान भगवान बजरंग बली के स्वरूप के कथित उपयोग पर आपत्ति जताते हुए राष्ट्रपति के नाम ज्ञापन भेजा है। बुधवार को संगठन के पदाधिकारियों ने कलेक्ट्रेट पहुंचकर प्रदर्शन किया और प्रशासनिक अधिकारी को ज्ञापन सौंपते हुए पूरे मामले की निष्पक्ष एवं उच्चस्तरीय जांच कराने की मांग की।मोर्चा के जिलाध्यक्ष शैलेंद्र गौतम ने कहा कि पांच जुलाई को लखनऊ में आयोजित रोड शो के दौरान बजरंग बली का स्वरूप धारण किए एक व्यक्ति के हाथ में भारतीय जनता पार्टी का झंडा देकर प्रस्तुति कराई गई। उनका कहना है कि इस प्रकार धार्मिक प्रतीकों का राजनीतिक कार्यक्रमों में उपयोग उचित नहीं है और इससे अनेक लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हुई हैं।ज्ञापन में मांग की गई है कि पूरे प्रकरण की निष्पक्ष जांच कराकर यदि किसी स्तर पर नियमों का उल्लंघन पाया जाता है तो संबंधित लोगों के खिलाफ कानून के अनुसार कार्रवाई की जाए। साथ ही भविष्य में देवी-देवताओं के स्वरूप और धार्मिक प्रतीकों के राजनीतिक उपयोग को लेकर स्पष्ट दिशा-निर्देश जारी किए जाएं, ताकि इस तरह के विवाद दोबारा उत्पन्न न हों।शैलेंद्र गौतम ने कहा कि धार्मिक आस्था से जुड़े विषयों पर सभी राजनीतिक दलों और संगठनों को संवेदनशीलता बरतनी चाहिए। उन्होंने संबंधित पक्ष से भी इस मामले में अपनी स्थिति स्पष्ट करने की मांग की।प्रदर्शन के दौरान राष्ट्रीय अधिकार मोर्चा के पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे। प्रशासनिक अधिकारी ने ज्ञापन प्राप्त कर उसे शासन के माध्यम से राष्ट्रपति तक भेजने का आश्वासन दिया।