मुजफ्फरनगर। भोपा स्थित राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान (आईटीआई) मोरना में कार्यरत प्रशिक्षक अभिषेक सरोज (34) की संदिग्ध परिस्थितियों में करंट लगने से मौत हो गई। गुरुवार सुबह उनका शव भोपा गांव स्थित किराये के कमरे में फर्श पर पड़ा मिला। प्रारंभिक जांच में आशंका है कि मोबाइल चार्ज करने के दौरान खुले पड़े एक्सटेंशन बोर्ड की चपेट में आने से उन्हें करंट लगा, जिससे उनकी मौके पर ही मृत्यु हो गई। पुलिस ने शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजकर मामले की जांच शुरू कर दी है।पुलिस के अनुसार अभिषेक सरोज पुत्र सेवालाल सरोज मूल रूप से प्रतापगढ़ जनपद के पूरे रायजू, मोहनलालगंज क्षेत्र के निवासी थे। वह भोपा गांव में किराये का कमरा लेकर रह रहे थे और राजकीय औद्योगिक प्रशिक्षण संस्थान, मोरना में प्रशिक्षक के रूप में सेवाएं दे रहे थे। गुरुवार सुबह मकान मालिक सुरेंद्र गुप्ता की पत्नी कमरे के पास पहुंचीं तो उन्होंने अभिषेक को फर्श पर औंधे मुंह पड़ा देखा। इसके बाद उन्होंने तत्काल उनके पूर्व रूममेट शिवम को सूचना दी, जो वर्तमान में चंदौसी में तैनात हैं।सूचना मिलने पर कॉलेज प्रशासन को घटना की जानकारी दी गई। संस्थान के कर्मचारी विकास, रजवंत, सचिन सहित अन्य लोग मौके पर पहुंचे। कमरे में अभिषेक के शरीर के नीचे विद्युत एक्सटेंशन बोर्ड दबा मिला। सबसे पहले बिजली की आपूर्ति बंद कर उन्हें सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र भोपा ले जाया गया, जहां चिकित्सकों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि एक्सटेंशन बोर्ड एक तरफ से खुला हुआ था। आशंका व्यक्त की जा रही है कि मोबाइल चार्ज करते समय अथवा किसी कारणवश बोर्ड के संपर्क में आने से उन्हें तेज करंट लगा। आसपास के लोगों ने बताया कि बुधवार देर रात तेज बारिश के दौरान एक चीख सुनाई दी थी, लेकिन प्रतिकूल मौसम के कारण कोई बाहर नहीं निकल सका।घटना की सूचना पर भोपा थाना पुलिस मौके पर पहुंची। एसएसआई रेशमपाल ने आवश्यक कार्रवाई के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भिजवाया तथा परिजनों को सूचना दी। सूचना मिलने पर मृतक का भाई दिल्ली से भोपा पहुंच गया।आईटीआई के प्रधानाचार्य बिरमानंद सिंह ने बताया कि अभिषेक सरोज 25 फरवरी 2024 से आउटसोर्सिंग सेवा प्रदाता कंपनी के माध्यम से संस्थान में प्रशिक्षक के पद पर कार्यरत थे। छह जुलाई को अवकाश से लौटने के बाद उन्होंने दोबारा कार्यभार संभाला था। अवकाश के दौरान 25 जून को उनकी पत्नी ने पुत्र को जन्म दिया था। अभिषेक अपने पीछे पत्नी रीना, पांच वर्षीय पुत्री, 15 दिन का नवजात पुत्र, माता-पिता, एक भाई और तीन बहनों सहित भरा-पूरा परिवार छोड़ गए हैं। उनके निधन से संस्थान के कर्मचारियों और क्षेत्र के लोगों में शोक व्याप्त है।