मेरठ। पुलिस ने खुद को पुलिस अधिकारी बताकर लोगों से वसूली करने वाले गिरोह का पर्दाफाश किया है। पुलिस ने गिरोह के सरगना राहुल पाल और उसके साथी आकाश को गिरफ्तार किया है। जांच में पता चला कि आरोपी ने एक जगह को पुलिस चौकी जैसा बना रखा था और खुद को थाना प्रभारी बताकर लोगों को डराता-धमकाता था।पुलिस के अनुसार आरोपी सोशल मीडिया के जरिए लोगों से संपर्क करता था। इसके बाद झूठे मुकदमे में फंसाने, गिरफ्तार कराने और पुलिस कार्रवाई का डर दिखाकर पैसे मांगता था। शिकायत मिलने पर पुलिस ने जांच शुरू की और दोनों आरोपियों को पकड़ लिया।जांच में सामने आया कि राहुल पाल पहले एक समाचार पोर्टल से जुड़ा था। इसी दौरान उसकी कई पुलिस अधिकारियों से पहचान हुई। बाद में उसने उन्हीं अधिकारियों के साथ खिंचवाई गई तस्वीरों का इस्तेमाल लोगों पर रौब जमाने के लिए किया। वह इन तस्वीरों को दिखाकर खुद को प्रभावशाली पुलिस अधिकारी बताता था। पुलिस का कहना है कि आरोपी ने अपने कार्यालय को पुलिस चौकी जैसा रूप दे रखा था, ताकि लोग उसे असली चौकी समझें। इसी का फायदा उठाकर वह लोगों को धमकाता और उनसे पैसे ऐंठने की कोशिश करता था।मेरठ पुलिस ने बताया कि मामले में दो अन्य आरोपियों की तलाश की जा रही है। साथ ही यह भी जांच हो रही है कि इस गिरोह ने अब तक कितने लोगों को अपना शिकार बनाया है।