मुजफ्फरनगर। शहर के मंडी थाना क्षेत्र के गांव शेरनगर में मंदिर में प्रवेश को लेकर विवाद सामने आया है। गांव निवासी दलित युवक सागर ने मंदिर के पुजारी कन्हैया गिरी पर उसे मंदिर में प्रवेश करने से रोकने, अपशब्द कहने और मारपीट करने का आरोप लगाया है। युवक के पैर में चोट आने की बात भी सामने आई है। घटना से नाराज लोगों ने सोमवार को एसएसपी कार्यालय पहुंचकर प्रदर्शन किया और मामले में कार्रवाई की मांग की।भारतीय अति पिछड़ा वर्ग संघर्ष मोर्चा के राष्ट्रीय अध्यक्ष मोहन प्रजापति के नेतृत्व में बड़ी संख्या में लोग एसएसपी कार्यालय पहुंचे। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि शेरनगर स्थित शिव मंदिर में सागर के साथ जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल किया गया और उसके साथ मारपीट की गई। उनका कहना था कि पीड़ित पक्ष की ओर से मंडी थाने में शिकायत दी गई, लेकिन अपेक्षित कार्रवाई नहीं होने पर उन्हें एसएसपी कार्यालय पहुंचना पड़ा।प्रदर्शन के दौरान मोहन प्रजापति ने मामले की निष्पक्ष जांच कराकर दोषी के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की मांग की। उन्होंने संबंधित पुजारी पर नशे से जुड़ी गतिविधियों के भी आरोप लगाए। इन आरोपों की पुलिस जांच के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।प्रदर्शन के बाद मोहन प्रजापति और संगठन के प्रदेश उपाध्यक्ष राकेश वालिया ने एसपी सिटी अमृत जैन से मुलाकात की। उन्होंने पूरे प्रकरण से अधिकारियों को अवगत कराते हुए कार्रवाई की मांग की। पुलिस अधिकारियों ने मामले की जांच कर नियमानुसार कार्रवाई का भरोसा दिया।अधिकारियों ने गांव के शिव मंदिर की व्यवस्था के लिए समिति गठित करने की बात कही। समिति में सभी वर्गों के लोगों को शामिल किए जाने का आश्वासन दिया गया, ताकि भविष्य में इस तरह का विवाद न हो और मंदिर की व्यवस्था सुचारू रूप से संचालित हो सके।प्रदर्शन के दौरान बड़ी संख्या में महिलाएं और अन्य लोग भी मौजूद रहे। मोहन प्रजापति ने लोगों से शांत रहने और मामले को जातीय विवाद का रूप नहीं देने की अपील की। उन्होंने मंडी थाने में बंद दलित समाज के एक युवक की रिहाई की मांग भी पुलिस अधिकारियों के समक्ष रखी।प्रदर्शन में सौरभ, सागर, सुरेश, राकेश, पूनम, आशीष कुमार, कमल, मोनू, अभिषेक, मोहित, आकाश कुमार, मिंटू, विशाल, सन्नी, काला, विकास, विनोद, राजवीर सिंह और मनोज समेत बड़ी संख्या में कार्यकर्ता व महिलाएं मौजूद रहे।पुलिस का कहना है कि पूरे मामले की जांच की जा रही है। जांच में सामने आने वाले तथ्यों के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।