मुजफ्फरनगर। जिले में सरकारी अभिलेखों की गंभीर त्रुटि ने एक महिला की रोजमर्रा की जिंदगी पर संकट खड़ा कर दिया है। सदर तहसील क्षेत्र के मल्लूपुरा मोहल्ले की निवासी सायमा को सरकारी रिकॉर्ड में मृत दर्शा दिया गया, जिसके चलते वह बीते करीब दो महीनों से राशन से वंचित है।
जानकारी के अनुसार सायमा पहले से राशन कार्ड में पंजीकृत थी और नियमित रूप से खाद्यान्न प्राप्त कर रही थी। लेकिन फरवरी 2026 की शुरुआत में अचानक उसका नाम सूची से हटा दिया गया। जांच करने पर सामने आया कि विभागीय डेटा में उसे मृत दर्ज कर दिया गया है। इस बदलाव के बाद राशन कार्ड में परिवार के मुखिया के रूप में उसके पति का नाम अपडेट कर दिया गया और सायमा की यूनिट समाप्त कर दी गई।
पीड़ित महिला जब इस समस्या को लेकर जिला पूर्ति कार्यालय पहुंची तो अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि उन्हें जो आंकड़े शासन स्तर से प्राप्त हुए, उसी आधार पर कार्रवाई की गई। इसके बाद सायमा ने जिलाधिकारी से भी न्याय की गुहार लगाई।
प्रशासन ने मामले को गंभीरता से लेते हुए संबंधित विभाग को निर्देश दिए हैं कि महिला को राहत दिलाने के लिए आवश्यक कदम उठाए जाएं। हालांकि प्रक्रिया अभी आसान नहीं है, क्योंकि विभाग ने आधार कार्ड में ‘जीवित’ स्थिति अपडेट कराने को अनिवार्य बताया है, जिसके बाद ही राशन कार्ड में दोबारा नाम जोड़ा जा सकेगा।
सायमा का कहना है कि आर्थिक रूप से कमजोर होने के कारण उसे बिना राशन के काफी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है और परिवार का गुजारा मुश्किल हो गया है।
