मुजफ्फरनगर। खतौली पुलिस अभिरक्षा से वांछित आरोपी को छुड़ाने की दुस्साहसिक घटना में खतौली पुलिस ने सख्त कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देशन में की गई इस कार्रवाई के बाद पुलिस ने स्पष्ट किया है कि कानून से खिलवाड़ करने वालों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जाएगा।
पूरे मामले की जड़ 26 फरवरी 2026 की उस कार्रवाई से जुड़ी है, जब खतौली पुलिस ने मादक पदार्थ तस्करी के आरोप में तीन लोगों को गांजे के साथ पकड़ा था। इस प्रकरण में मोहल्ला देवीदास निवासी विनोद उर्फ विनोद मेंबर फरार चल रहा था। 15 अप्रैल को जब पुलिस टीम उसे गिरफ्तार करने उसके घर पहुंची, तो वहां मौजूद परिजनों और सहयोगियों ने अचानक हंगामा खड़ा कर दिया। भीड़ ने पुलिस टीम के साथ धक्का-मुक्की की और बल प्रयोग करते हुए आरोपी को हिरासत से छुड़ा लिया।
घटना के बाद पुलिस ने तत्काल मुकदमा दर्ज कर विशेष टीम गठित की। थाना खतौली में बीएनएस की विभिन्न धाराओं और 7 सीएलए एक्ट के तहत मुकदमा संख्या 112/2026 पंजीकृत किया गया। इसके बाद निरीक्षक नरेश सिंह, वरिष्ठ उपनिरीक्षक राजकुमार बालियान और उपनिरीक्षक अनिल तोमर की टीम ने लगातार दबिश देते हुए 16 अप्रैल को तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सुन्दर पुत्र ओमप्रकाश, सोनू पुत्र अल्लारखां और उपेन्द्र पुत्र टीटू के रूप में हुई है। पुलिस ने तीनों को न्यायालय में पेश कर जेल भेज दिया है।
क्षेत्राधिकारी खतौली रामआशीष यादव ने बताया कि पुलिस पर हमला कर आरोपी को छुड़ाना गंभीर अपराध है और इस मामले में शामिल अन्य नामजद आरोपियों की तलाश जारी है। मुख्य आरोपी विनोद मेंबर अभी भी फरार है, जिसकी गिरफ्तारी के लिए टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। उन्होंने कहा कि इस तरह की घटनाओं पर सख्ती से अंकुश लगाया जाएगा और दोषियों के खिलाफ कठोरतम कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी।
