मेरठ। शहर में सक्रिय जेबकतरा गिरोह के खिलाफ थाना देहली गेट पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए दो शातिर बदमाशों को गिरफ्तार किया है। पकड़े गए आरोपियों के पास से चोरी किए गए सोने के आभूषण बरामद हुए हैं। पुलिस ने दोनों को विधिक कार्रवाई पूरी करने के बाद जेल भेज दिया है, जबकि गिरोह का एक अन्य सदस्य अब भी फरार है।
पुलिस के मुताबिक 26 अप्रैल 2026 की रात में टाउन हॉल स्थित रैन बसेरे के पास से दोनों आरोपियों को दबोचा गया। तलाशी लेने पर उनके कब्जे से एक सोने का हार, तीन महिलाओं की अंगूठियां, एक पुरुष की अंगूठी और छह जोड़ी कानों की बालियां बरामद हुईं।
इस मामले की शुरुआत 18 अप्रैल 2026 को हुई थी, जब पीड़ित मंगलसेन वर्मा ने थाना देहली गेट में शिकायत दर्ज कराई थी। उन्होंने बताया कि घंटाघर चौराहे से ई-रिक्शा में बैठते समय अज्ञात बदमाशों ने बुढ़ाना गेट चौकी के पास उनकी जेब काट ली और उसमें रखे सोने के आभूषण चोरी कर लिए। घटना के बाद पुलिस ने मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू की।
जांच के दौरान सीसीटीवी फुटेज, सर्विलांस और मुखबिरों की सूचना के आधार पर पुलिस ने आरोपियों की पहचान कुलदीप उर्फ टोरोहित उर्फ भेला और साजन उर्फ फौजी के रूप में की। दोनों आरोपी जनपद फतेहगढ़ के थाना कमालगंज क्षेत्र के मेहरुपुर रावी गांव के निवासी हैं। पुलिस ने इन्हें गिरफ्तार कर लिया, जबकि इनके साथी आकाश उर्फ मानी की तलाश जारी है।
पूछताछ में आरोपियों ने खुलासा किया कि उनका गिरोह लंबे समय से भीड़भाड़ वाले इलाकों में जेब काटने की वारदातों को अंजाम देता रहा है। गिरोह का एक सदस्य पहले संभावित शिकार की रेकी करता था, दूसरा बाइक तैयार रखता था और तीसरा ब्लेड से जेब काटकर सामान चोरी कर लेता था। वारदात के तुरंत बाद वे मोटरसाइकिल से फरार हो जाते थे और चोरी का माल गांव में ले जाकर ठिकाने लगाते थे।
पुलिस के अनुसार यह गिरोह खासतौर पर बुजुर्गों को निशाना बनाता था, जिन्हें आसानी से धोखा देकर वारदात को अंजाम दिया जाता था। आरोपियों के आपराधिक रिकॉर्ड की भी जांच की जा रही है, जिसमें पहले से कई मामले दर्ज होने की संभावना जताई गई है।
थाना देहली गेट पुलिस का कहना है कि फरार आरोपी की गिरफ्तारी के लिए दबिश दी जा रही है और गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश भी जारी है।
