मुजफ्फरनगर। भोपा थाना क्षेत्र के गांव किशनपुर में बकरीद के बाद दफनाई गई पशुओं की खालों को कथित रूप से निकालकर बेचने के मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए दो आरोपियों को गिरफ्तार कर जेल भेज दिया है। घटना के बाद गांव में चर्चाओं का दौर शुरू हो गया, जबकि पुलिस फरार आरोपी की तलाश में जुटी हुई है।प्राप्त जानकारी के अनुसार, गांव निवासी मोहसीन आलम ने पुलिस को दी गई शिकायत में बताया कि ईद-उल-जुहा के अवसर पर परिवार और रिश्तेदारों द्वारा की गई कुर्बानी के बाद पशुओं की खालों तथा अन्य अवशेषों को स्वच्छता और पर्यावरणीय दृष्टि से गांव के एक खाली प्लॉट में गहरा गड्ढा खोदकर दफना दिया गया था। आरोप है कि कुछ दिनों बाद उक्त स्थान को दोबारा खोदकर वहां दफन की गई खालों को निकाल लिया गया और उन्हें बेच दिया गया।शिकायत में गांव निवासी जुनैद, उसके पुत्र दानिश तथा तिस्सा निवासी लईक अहमद को नामजद किया गया है। आरोप है कि तीनों ने मिलकर दफनाई गई खालों को निकालकर आर्थिक लाभ के लिए बेच दिया। जब इस बात की जानकारी पीड़ित पक्ष को हुई तो उन्होंने पुलिस को मामले से अवगत कराया।मामले की सूचना मिलते ही भोपा थाना पुलिस हरकत में आ गई और शिकायत के आधार पर आरोपियों के विरुद्ध मुकदमा दर्ज कर जांच शुरू कर दी। पुलिस ने दबिश देकर जुनैद और लईक अहमद को गिरफ्तार कर लिया। दोनों आरोपियों को न्यायालय में पेश किए जाने के बाद जेल भेज दिया गया।पुलिस अधिकारियों ने बताया कि मामले में नामजद तीसरे आरोपी दानिश की गिरफ्तारी के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। संभावित ठिकानों पर दबिश दी जा रही है और जल्द ही उसे भी गिरफ्तार कर लिया जाएगा।थाना पुलिस का कहना है कि मामले की सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। जांच में जो भी तथ्य सामने आएंगे, उनके आधार पर आगे की वैधानिक कार्रवाई की जाएगी।