नई दिल्ली। संसद कूच और जारी विरोध प्रदर्शन के बीच सोमवार को केंद्र सरकार और कॉकरोच जनता पार्टी (सीजेपी) के बीच पहली औपचारिक वार्ता हुई। सीजेपी के दो सदस्यीय प्रतिनिधिमंडल ने केंद्रीय मंत्री एवं भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा से उनके आवास पर मुलाकात कर संगठन का तीन सूत्रीय मांग पत्र सौंपा।प्रतिनिधिमंडल में सीजेपी के राष्ट्रीय प्रवक्ता सौरव दास और आशुतोष रांका शामिल रहे। दोनों नेताओं ने आंदोलन से जुड़े विभिन्न मुद्दों पर सरकार का पक्ष सुनने के साथ अपनी मांगों को विस्तार से रखा। संगठन ने पर्यावरण कार्यकर्ता सोनम वांगचुक की रिहाई, केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे तथा परीक्षा अनियमितताओं से प्रभावित छात्रों के परिवारों को एक करोड़ को आर्थिक सहायता दिए जाने सहित तीन प्रमुख मांगें सरकार के समक्ष रखीं।बैठक के बाद सीजेपी नेताओं ने कहा कि केंद्रीय मंत्री ने उनका मांग पत्र स्वीकार कर संबंधित विषयों पर विचार करने का आश्वासन दिया है। वहीं, सरकार की ओर से आंदोलन समाप्त कर संवाद के माध्यम से समाधान निकालने की अपील की गई। हालांकि, वार्ता के बाद किसी मांग पर अंतिम सहमति या निर्णय की घोषणा नहीं की गई है। ऐसे में अब दोनों पक्षों की अगली बातचीत पर सभी की निगाहें टिकी हुई हैं।
