नई दिल्ली। नगीना से सांसद और आजाद समाज पार्टी (कांशीराम) के राष्ट्रीय अध्यक्ष चंद्रशेखर आजाद मंगलवार को संसद परिसर में बाबा साहब डॉ. भीमराव आंबेडकर की प्रतिमा के नीचे धरने पर बैठ गए। उन्होंने कहा कि हालिया प्रदर्शन के दौरान बच्चों और छात्रों पर हुई कथित लाठीचार्ज की घटना ने उन्हें भीतर तक झकझोर दिया है और जब तक पीड़ितों को न्याय नहीं मिलेगा, तब तक उनका संघर्ष जारी रहेगा।धरने के दौरान चंद्रशेखर आजाद ने आरोप लगाया कि प्रदर्शन के समय बच्चों के साथ जिस प्रकार का व्यवहार हुआ, वह लोकतांत्रिक व्यवस्था के लिए गंभीर चिंता का विषय है। उनका दावा था कि कुछ लोग सादे कपड़ों में भी प्रदर्शनकारियों की पिटाई करते दिखाई दिए। उन्होंने कहा कि मासूम बच्चों पर बल प्रयोग की तस्वीरें और वीडियो देखकर उनकी आत्मा व्यथित हो गई।सांसद ने केंद्र सरकार की कार्यशैली की तीखी आलोचना करते हुए कहा कि यदि अपनी बात रखने वाले नागरिकों को बलपूर्वक दबाया जाएगा तो यह लोकतांत्रिक मूल्यों के विपरीत होगा। उन्होंने इस कार्रवाई की तुलना ब्रिटिश शासन की दमनकारी नीतियों से करते हुए कहा कि ऐसी घटनाएं देश को इतिहास के उन काले अध्यायों की याद दिलाती हैं, जिन्हें कभी दोहराया नहीं जाना चाहिए। उन्होंने जलियांवाला बाग कांड का भी उल्लेख करते हुए कहा कि सत्ता का अहंकार हमेशा जनता के अधिकारों पर भारी नहीं पड़ सकता।धरने के दौरान उन्होंने दोहराया कि उनका आंदोलन किसी राजनीतिक लाभ के लिए नहीं, बल्कि उन बच्चों और परिवारों के न्याय के लिए है, जो इस घटना से प्रभावित हुए हैं। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए, दोषियों के विरुद्ध कार्रवाई हो और पीड़ितों को न्याय मिले।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Join WhatsApp Group