मुजफ्फरनगर। टीबी मुक्त भारत अभियान को सफल बनाने और जनभागीदारी बढ़ाने के उद्देश्य से मंगलवार को मुख्य विकास अधिकारी कमल किशोर कंडारकर की अध्यक्षता में जनपद की 65 औद्योगिक इकाइयों के प्रतिनिधियों के साथ वर्चुअल बैठक आयोजित की गई। बैठक में मुख्य चिकित्सा अधिकारी डॉ. सुनील तेवतिया, जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. लोकेश गुप्ता तथा क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी गितेश चंद भी मौजूद रहे।बैठक में उद्योग प्रतिनिधियों से टीबी मरीजों को गोद लेकर उन्हें पोषण पोटली उपलब्ध कराने और अभियान में सक्रिय भूमिका निभाने की अपील की गई। अधिकारियों ने बताया कि प्रधानमंत्री टीबी मुक्त भारत अभियान के तहत उद्योग, संस्थाएं और सामाजिक संगठन निक्षय मित्र बनकर टीबी मरीजों को पोषण सहायता प्रदान कर सकते हैं, जिससे उनके उपचार और स्वास्थ्य सुधार में मदद मिलती है।मुख्य विकास अधिकारी कमल किशोर कंडारकर ने कहा कि टीबी मुक्त भारत का लक्ष्य केवल स्वास्थ्य विभाग के प्रयासों से पूरा नहीं हो सकता। इसके लिए समाज के सभी वर्गों की भागीदारी जरूरी है। उन्होंने औद्योगिक इकाइयों से अधिक से अधिक टीबी मरीजों की सहायता करने का आह्वान किया।जिला क्षय रोग अधिकारी डॉ. लोकेश गुप्ता ने निक्षय मित्र योजना और पोषण पोटली वितरण की प्रक्रिया की जानकारी देते हुए उद्योग प्रतिनिधियों को अभियान से जुड़ने के लिए प्रेरित किया।क्षेत्रीय प्रदूषण नियंत्रण अधिकारी गितेश चंद ने भी अभियान में पूरा सहयोग देने का भरोसा दिलाया और उद्योगों से टीबी मरीजों की मदद के लिए आगे आने की अपील की।बैठक में शामिल उद्योग प्रतिनिधियों ने जल्द ही टीबी मरीजों के लिए पोषण पोटलियां उपलब्ध कराने और अभियान में सक्रिय सहयोग देने का आश्वासन दिया।