मुजफ्फरनगर, 19 जून 26। माननीय जनपद न्यायाधीश एवं अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के निर्देशन में शुक्रवार को जिला कारागार का निरीक्षण किया गया। इस दौरान सिविल जज (सीडी) एवं सचिव, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण डॉ. सत्येंद्र कुमार चौधरी ने कारागार की पाकशाला, अस्पताल, पुरुष बैरक, महिला बैरक तथा बाल बैरक का निरीक्षण कर व्यवस्थाओं का जायजा लिया।निरीक्षण के दौरान डॉ. सत्येंद्र कुमार चौधरी ने दोषसिद्ध बंदियों को उनके संवैधानिक एवं विधिक अधिकारों की जानकारी दी। उन्होंने बंदियों को अपने कानूनी अधिकारों के प्रति जागरूक रहने के लिए प्रेरित करते हुए बताया कि न्याय प्राप्त करना प्रत्येक व्यक्ति का अधिकार है।सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण ने बंदियों से संवाद कर उनकी समस्याएं भी सुनीं। उन्होंने कहा कि यदि किसी दोषसिद्ध बंदी को उच्च न्यायालय में अपील दाखिल करने में किसी प्रकार की कानूनी कठिनाई आती है तो वह जिला कारागार अधीक्षक के माध्यम से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को आवेदन देकर सहायता प्राप्त कर सकता है। ऐसे मामलों में आवश्यक विधिक सहायता उपलब्ध कराई जाएगी।इस अवसर पर कारागार अधीक्षक को निर्देशित किया गया कि जिन बंदियों के मामले ई-जेल लोक अदालत अथवा जेल लोक अदालत के माध्यम से निस्तारित किए जा सकते हैं, उनकी सूची शीघ्र जिला विधिक सेवा प्राधिकरण को भेजी जाए ताकि मामलों का त्वरित निस्तारण कराया जा सके।इसके अलावा जिन बंदियों की जमानत याचिका अधीनस्थ न्यायालय से स्वीकृत हो चुकी है, उन्हें भी आवश्यक विधिक सहायता उपलब्ध कराए जाने की बात कही गई। निरीक्षण के दौरान कारागार व्यवस्थाओं को और बेहतर बनाने पर भी चर्चा की गई।