मुजफ्फरनगर(आकाश तायल)। खतौली नगर एवं आसपास के क्षेत्रों में ईद-उल-अजहा (बकरीद) का त्योहार शनिवार को आपसी भाईचारे, शांति और सौहार्द के वातावरण में मनाया गया। मस्जिदों और ईदगाहों में मुस्लिम समाज के लोगों ने नमाज अदा कर देश में अमन-चैन, खुशहाली और तरक्की की दुआ मांगी। त्योहार को लेकर पुलिस प्रशासन पूरी तरह सतर्क नजर आया तथा नगर और देहात क्षेत्रों में सुरक्षा व्यवस्था चाक-चौबंद रही।

बकरीद से पूर्व ही जिला पुलिस प्रशासन द्वारा सभी थानों में शांति समिति की बैठकें आयोजित की गई थीं। बैठकों में विभिन्न वर्गों के गणमान्य लोगों और धर्मगुरुओं को बुलाकर क्षेत्राधिकारी (सीओ) एवं थाना प्रभारियों ने त्योहार को आपसी प्रेम और उल्लास के साथ मनाने की अपील की। साथ ही सोशल मीडिया पर फैलने वाली अफवाहों से सतर्क रहने तथा किसी भी तरह की भ्रामक सूचना पर ध्यान न देने की बात कही गई।त्योहार के दिन सीओ, एसडीएम और थाना प्रभारी पुलिस बल के साथ लगातार नगर एवं ग्रामीण क्षेत्रों में गश्त करते रहे। संवेदनशील स्थानों पर विशेष निगरानी रखी गई, जिसके चलते पूरा पर्व शांतिपूर्ण तरीके से संपन्न हुआ।

वहीं त्योहार के दौरान स्थानीय समाजसेवियों और पुलिस मित्रों की भूमिका भी अहम रही। कई समाजसेवी प्रशासन के साथ मिलकर व्यवस्थाओं पर नजर बनाए रहे और सौहार्दपूर्ण माहौल कायम रखने में सहयोग करते दिखाई दिए। यदि कहीं किसी प्रकार का विवाद होने की संभावना बनी, तो उसे तत्काल शांत कराने का प्रयास किया गया।
खतौली में सफाई कर्मचारी संघ नेता सुधीर वाल्मीकि, एआईएमआईएम नेता मौलाना इमरान कासमी तथा जमीयत उलेमा-ए-हिंद से जुड़े लोग ईदगाह क्षेत्र के आसपास सक्रिय नजर आए। इस दौरान कई स्थानों पर नमाजियों पर फूलों की वर्षा कर भाईचारे और गंगा-जमुनी तहजीब का संदेश दिया गया।