मुजफ्फरनगर। लोन दिलाने के नाम पर ग्रामीणों को जाल में फंसाकर उनके बैंक खातों का इस्तेमाल साइबर ठगी में करने वाले एक अंतरजनपदीय गिरोह का सिविल लाइन पुलिस ने पर्दाफाश किया है। पुलिस ने 48 घंटे के भीतर कार्रवाई करते हुए गिरोह के चार सदस्यों को गिरफ्तार कर लिया। आरोपियों के कब्जे से सात एटीएम कार्ड, तीन बैंक पासबुक, चार फर्जी पहचान पत्र, आठ मोबाइल फोन और एक कार बरामद की गई है।सिविल लाइन थाना प्रभारी महावीर सिंह चौहान ने बताया कि भोपा थाना क्षेत्र के गांव सीकरी निवासी फरजाना पत्नी तहसीन ने शिकायत दर्ज कराई थी। फरजाना का आरोप था कि बादल राणा और शुभम उर्फ आर्यन तोमर ने उसे फाइनेंस कंपनी से बड़ा लोन दिलाने का भरोसा दिया था। आरोपियों ने उसके नाम पर बैंक ऑफ महाराष्ट्र में खाता खुलवाया और पासबुक, चेकबुक तथा एटीएम कार्ड अपने पास रख लिए। काफी समय बाद भी जब न तो लोन मिला और न ही दस्तावेज वापस किए गए तो उसे धोखाधड़ी का संदेह हुआ।जांच के दौरान पता चला कि फरजाना के खाते का उपयोग साइबर ठगी से प्राप्त रकम के लेनदेन में किया जा रहा था। पुलिस की जांच में यह भी सामने आया कि गिरोह ने गांव सीकरी समेत आसपास के कई ग्रामीणों को इसी तरह अपने जाल में फंसाया था। आरोपी कम पढ़े-लिखे और आर्थिक रूप से कमजोर लोगों को निशाना बनाकर उनके नाम पर बैंक खाते खुलवाते थे और फिर उन खातों का इस्तेमाल साइबर अपराध में करते थे।मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक संजय कुमार वर्मा के निर्देश पर विशेष टीम गठित की गई। पुलिस ने तकनीकी निगरानी, सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर की सूचना के आधार पर मॉल रोड क्षेत्र से चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया।गिरफ्तार आरोपियों की पहचान शुभम उर्फ आर्यन तोमर पुत्र सत्यबीर सिंह निवासी वजीदपुर थाना बड़ौत जनपद बागपत, बादल राणा पुत्र कंवरपाल निवासी निरपुड़ा थाना दोघट जनपद बागपत, आशू त्यागी पुत्र विकास त्यागी निवासी रामपुर थाना धनौरा मंडी जनपद अमरोहा तथा नवनीत त्यागी पुत्र राजीव त्यागी निवासी मलकपुर थाना धनौरा मंडी जनपद अमरोहा के रूप में हुई है।पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकार किया कि वे ग्रामीणों को लोन दिलाने का झांसा देकर उनके बैंक खाते अपने नियंत्रण में ले लेते थे। पुलिस अब इस गिरोह के अन्य सदस्यों और साइबर ठगी से जुड़े बड़े नेटवर्क की जांच कर रही है। साथ ही खातों में हुए लेनदेन की भी पड़ताल की जा रही है।एसएसपी संजय कुमार वर्मा ने मामले के सफल खुलासे पर सिविल लाइन थाना प्रभारी महावीर सिंह चौहान, उपनिरीक्षक प्रशांत कुमार गिरी, पंकज सागर और उनकी टीम की सराहना की है। पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि किसी भी व्यक्ति के बहकावे में आकर अपने बैंक दस्तावेज, एटीएम कार्ड या ओटीपी की जानकारी साझा न करें।