मुजफ्फरनगर। नंद बाबा दुग्ध मिशन के अंतर्गत संचालित नंदिनी कृषक समृद्धि योजना में चयनित एक पशुपालक को अवसंरचना कार्य पूर्ण करने के बाद अनुदान की प्रथम किस्त का भुगतान स्वीकृत किया गया। गुरुवार को विकास भवन में आयोजित कार्यक्रम में मुख्य विकास अधिकारी कंडारकर कमल किशोर देशभूषण एवं मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. जितेंद्र गुप्ता ने लाभार्थी को 15 लाख 62 हजार 500 रुपये की प्रथम किस्त का भुगतान-पत्र प्रदान किया।पशुपालन विभाग के अनुसार वर्ष 2025-26 के लिए योजना के तहत विकासखंड बुढ़ाना के ग्राम मोहम्मदपुर रायसिंह निवासी कृषक सुभाष मलिक का चयन लॉटरी प्रक्रिया के माध्यम से किया गया था। परियोजना के अंतर्गत निर्धारित अवसंरचना तैयार करने के बाद उन्हें 50 प्रतिशत अनुदान की राशि में से प्रथम किश्त जारी की गई है।अधिकारियों ने बताया कि इस योजना के तहत प्राप्त अनुदान से लाभार्थी दो चरणों में कुल 25 उच्च नस्ल की दुधारू गायों की खरीद करेंगे। इन पशुओं में मुख्य रूप से गिर, थारपारकर, साहीवाल और हरियाणा नस्ल की गायें शामिल होंगी, जिन्हें बाहरी राज्यों से लाकर डेयरी इकाई स्थापित की जाएगी। योजना की शर्तों के अनुसार इकाई पूर्ण रूप से स्थापित होने के बाद 15 लाख 62 हजार 500 रुपये की दूसरी किस्त भी प्रदान की जाएगी।मुख्य विकास अधिकारी ने लाभार्थी को योजना की सभी शर्तों का पालन करते हुए गुणवत्तापूर्ण दुधारू गोवंश खरीदने तथा दुग्ध विपणन के लिए स्थायी व्यवस्था विकसित करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि योजनाओं का उद्देश्य किसानों और पशुपालकों की आय बढ़ाने के साथ संगठित डेयरी व्यवसाय को प्रोत्साहित करना है।इस अवसर पर लाभार्थी सुभाष मलिक ने बताया कि वह वर्तमान में अपने गांव सहित आसपास के पशुपालकों से दूध एकत्र कर बड़ी डेयरियों को आपूर्ति कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि योजना से मिलने वाले सहयोग के बाद आधुनिक डेयरी इकाई स्थापित कर दुग्ध उत्पादन और विपणन को और अधिक व्यवस्थित बनाया जाएगा। अधिकारियों ने उम्मीद जताई कि इस पहल से क्षेत्र में डेयरी व्यवसाय को बढ़ावा मिलेगा और अन्य पशुपालक भी आधुनिक डेयरी मॉडल अपनाने के लिए प्रेरित होंगे।